2 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

यहां के नेताओं ने काफी हाउस से सीखा राजनीति का ककहरा

नेशनल कॉफी डे: शहर के सेमरिया चौक को काफी हाउस ने दी पहचान यहां की टेस्टी कॉफी हर किसी को करती है अट्रैक्ट

2 min read
Google source verification

सतना

image

Jyoti Gupta

Sep 04, 2019

National Coffee Day: Coffee house recognizes Semaria Chowk of the city

National Coffee Day: Coffee house recognizes Semaria Chowk of the city

सतना. भले ही काफी की लोकप्रियता आज बढ़ गई हो पर हमारे शहर में कॉफी पीने का ट्रेंड लगभग 40 साल पुराना है। जी हां, आज से 40 साल पहले स्पेशली शहर में इंडियन कॉफी हाउस को ओपन किया गया। वह भी स्पेशल कॉफी परोसने के लिए। गॉशिप करना हो, अखबार पढऩा हो या दोस्तों के साथ समय बिताना हो, यह सब यहां की हॉट कॉफी की चुस्की के साथ ही शुरू होता और हॉट कॉफी की चुस्की के साथ खत्म भी। बच्चे हों या फिर युवा या फिर हाई प्रोफाइल फैमिली सभी यहां एक कप काफी पीने के लिए घंटों समय बिताते थे। फर्क इतना है कि पहले जहां हर दिन सौ कॉफी की सेलिंग थी, अब पांच सौ से अधिक हो गई है। वक्त की मांग को देखते हुए यहां अब हॉट कॉफी के साथ कोल्ड कॉफी भी मिलने लगी है। इतना ही नहीं यहां की कॉफी ने सेमरिया चौक को पहचान भी दिलाई। साथ ही राजनेताआें को राजनीति का ककहरा भी सिखाया।

राजनीतिक दल करते थे टेबल खाली होने का इंतजार
1980 के दौरान शहर के बड़े दिग्गज नेताओं का जमावड़ा कॉफी हाउस में ही लगता था। वे यहां अपने कार्यकर्ताओं के साथ घंटों बैठकर राजनीति पर चर्चा करते थे और कॉफी की चुस्की लेते। भाजपा, कांग्रेस, जनता दल के नेता यहां टेबल खाली होने का इंतजार करते थे। नेता अरुण सिंह, गणेश त्रिवेदी और सासंद गणेश सिंह, उस समय कार्यकर्ताओं के साथ यहां समय बिताते थे। उस दौर में कॉफी का रेट लोगों को महंगा लगता था, इसलिए एक कप कॉफी को दो लोगों में शेयर किया जाता था। आज भी यहां के लिए एक कहावत फेमस है- वन कॉफी फॉर टू पर्सन।


शहर का एकमात्र मिलने का अड्डा

गांव से शहर आने वाले ज्यादातर लोगों के मिलने का अड्डा इंडियन कॉफी हाउस होता था। वजह थी इस जगह का फेमस होना। शहर के लोग अपने रिश्तेदारों को जब सतना बुलाते थे तो इंडियन कॉफी हाउस के पास मिलने की बात करते थे। जब उनके रिश्तेदार या जान पहचान के लोग यहां आ जाते तब वे उन्हें यहां से लेकर दूसरी जगह जाते थे।

कॉफी लवर्स के लिए बेस्ट प्लेस
शहर में जितने भी कॉफी लवर्स हैं उनके के लिए इंडियन कॉफी हाउस बेस्ट प्लेस है। कॉफी पीने वाले एक निजी बैंक में काम करने वाले रमन वर्मा बताते हैं कि दस साल हो चुके हैं इंडियन कॉफी में कॉफी पीते हुए पर वे इस जगह से बोर नहीं हुए। उनका कहना है कि यहां की कॉफी के टेस्ट में किसी भी दिन बदलाव नहीं देखने को मिला। जैसे दस साल पहले कॉफी का टेस्ट रहा वैसे आज भी है। इतना ही नहीं यहां का शांत माहौल के बीच एक कप कॉफी पीना सुकून से भरे पल होते हैं। वो आज भी यहां घंटों समय बिताते हैं। युवा, प्रोफेशनल, बिजनेस मैन सभी यहां दोस्तों के साथ कॉफी पीने पहुंचते हैं।

Story Loader