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जल जीवन मिशन 2024 पर काम शुरू, छह गांव की बनी डीपीआर

चार साल में पीएचई जिले के 1592 गांव में नल से घर-घर पहुंचाएगी पानी

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Water life mission 2024 started, DPR made of six villages

Sehore. Party officials discussing with villagers in Mehtwara, Ashta.

सीहोर. भारत सरकार ने पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के लिए जल जीवन मिशन 2024 शुरू किया है। इस मिशन के तहत चार साल में घर-घर नल जल योजना के माध्यम से पानी की सप्लाई की जानी है।

सरकार इस में ग्रामीणों की सहभागिता भी सुनिश्चित कर रही है। जल जीवन मिशन के सफल क्रियान्वयन के लिए भारत सरकार को एक दल सीहोर आया है। यह दल गांव-गांव जाकर ग्रामीणों के साथ बैठक कर मिशन के बारे में बता रहा है।

लोक स्वास्थ्य यांत्रिकीय विभाग के अफसरों ने बताया कि जल जीवन मिशन के तहत प्रारंभिक चरण में सीहोर जिले के छह गांव का चयन किया गया है। इन गांव में ग्रामीणों की सहभागिता सुनिश्चित कर घर-घर पानी पहुंचाया जाएगा। मिशन के तहत सबसे पहले ग्राम पंचायत ग्रामसभा की बैठक में संकल्प पारित कर पीएचई को अवगत कराएगी।पीएचई के अफसर मौके पर पहुंचकर सर्वे करेंगे।

सर्वे होने के बाद प्रोजेक्ट पर तैयार कर रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी और फिर शासन से मंजूरी मिलते ही घर-घर पानी पहुंचाने का काम शुरू कया जाएगा। पीएचई के अफसरों ने बताया कि मिशन के तहत शासन से स्वीकृत राशि का 10 प्रतिशत ग्राम पंचायत को देना होगा। ग्राम पंचायत इस राशि की वसूली टैक्स के रूप में ग्रामीणों से भी कर सकती है। यदि गांव में घर-घर पानी पहुंचाने के प्रोजेक्ट पर 30 लाख खर्च होने हैं तो उसमें तीन लाख रुपए पंचायतत देगी। इसके बाद यदि तीन साल तक प्रोजेक्ट सफल रहता है तो यह राशि पंचायत को वापस की जाएगी।

इन गांव की डीपीआर तैयार
पीएचई के अफसरों ने बताया कि सीहोर जिले में मंजरे टोले को मिलाकर 1592 गांव हैं। भारत सरकार के मिशन के तहत साल 2024 तक इन सभी गांव में पानी पहुंचाना है। पीएचई ने 6 गांव मुरावर, सेवदा, ब्रिजिशनगर, खंडवा, दीवडिय़ा, खजूरिया कलां की डीपीआर तैयार कर ली है। पंचायत से संकल्प पारित होते ही राशि जमा कर डीपीआर स्वीकृति के शासन को भेज दी जाएगी।

कनेक्शन की गाइडलाइन
- 500 की आबादी वाले गांव में ट्यूबवेल से पाइप लाइन के माध्यम से घरों तक पानी पहुंचाया जाएगा।
- 500 से 2000 की आबादी वाले गांव में संवेल में पानी स्टोर कर उसे पंप से घर-घर पहुंचाया जाएगा।
- दो हजार से अधिक की आबादी वाले गांव में टंकी से पाइप लाइन से पहुंचाया जाएगा।
- जिले में करीब 297 नलजल योजना हैं। पीएचई के मुताबिक 285 चालू हैं, 12 बंद हैं।
- जल स्त्रोत में 9 हजार 017 हैंडपंप हैं, जिसमें से अफसर 8 हजार 937 को चालू बता रहे हैं।

जल जीवन मिशन 2024 के तहत हर घर कनेक्शन देने की योजना पर कार्य चल रहा है।6 गांव को शुरूआत में चिन्हित कर डीपीआर तैयार की गई है।जल्द ही अन्य गांव में भी कार्य शुरू होगा।
-एमसी अहिरवार, ईई पीएचई सीहोर