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कुरई के जंगल में मिले अज्ञात युवक का शव उज्जैन के इश्वर सिंह सोलंकी की

फिंगर प्रिंट से हुई पहचान, उज्जैन से आए परिजनों ने कब्र से बाहर निकले शव को पहचाना

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सिवनी. कुरई थाना क्षेत्र के बफर जोन आरक्षित वन नागपुर हाइवे से 100 मीटर दूरी पर 24 अप्रैल को मिले अज्ञात युवक के शव की शिनाख्त चार दिन हो चुकी है। मृतक उज्जैन जिले का निवासी है। पुलिस ने शव को कब्र से निकालकर मृतक के परिजनों से पहचान कराई। उन लोगों ने पहचान कर ली है। इसकी पुष्टि टीआई जीएस उइके ने की है।


टीआई उइके ने बताया कि शव की परिजनों से शिनाख्त कार्यपालक मजिस्ट्रेट से अनुमति लेकर उनकी उपस्थिति में श्मशान घाट में दफन किए गए अज्ञात शव को बाहर निकलवाकर मृतक के परिजनों से पहचान कराई गई। परिजनों ने बाएं हाथ में महादेव एवं दाएं हाथ में एमआई लिखे टैटू से अज्ञात मृतक की पहचान इश्वर सिंह पिता करण सिंह सोलंकी (35) ग्राम लसुल्डिया जिला उज्जैन के रूप में की गई है।

बताया कि घटनास्थल पर घसीटने के निशान पाए गए थे, लेकिन खून के कोई निशान नहीं थे, वही घटनास्थल से 30 फुट की दूरी पर खून लगा गमछा पाया गया अन्य कोई भौतिक साक्ष्य नहीं मिले। मृतक के बाएं हाथ में त्रिशूल के साथ महादेव लिखा हुआ एवं दाहिने हाथ पर टैटू से एमआई लिखा हुआ था। पुलिस ने बताया कि घटनास्थल देखने से ऐसा पाया जा रहा है कि मृतक की हत्या कहीं अन्य स्थान पर कर शव को कुरई के जंगल में फेंका गया है।

फिंगर प्रिंट प्रभारी उनि रितु उइके द्वारा मृतक के दोनों हाथों का फिंगर प्रिंट लिया गया था जिसकी डाटाबेस में एंट्री की गई थी। इसकी रिपोर्ट 26 अप्रैल को प्राप्त हुई। फिंगर प्रिंट द्वारा अज्ञात मृतक की पहचान हुई। अज्ञात मृतक के विरुद्ध थाना मेकडौन जिला उज्जैन में 16.12.2017 को अप क्र. 608/2017 धारा 457, 380 भादवि का होना पाया गया।

फिंगर प्रिंट से जानकारी मिलने पर मृतक के परिजनों को सूचना देकर शिनाख्त कार्रवाई कराई गई। इस कार्य में थाना प्रभारी कुरई व फिंगर प्रिंट उप निरीक्षक उइके के अलावा उप निरीक्षक गायधाने, सहा. उपनिरीक्षक नानकराम पाल, शांताराम पाल, भूपेंद्र नागेश्वर एवं आरक्षक चंचलेश नरवरे, आरक्षक महेंद्र परतेती की सराहनीय भूमिका रही। पुलिस इस मामले में हत्या का प्रकरण दर्ज कर आरोपियों की तलाश कर रही है। उसकी पहचान हो जाने के बाद आरोपियों के जल्द ही पकड़े जाने की संभावना है।