
शहडोल. एरियर की मांग को लेकर सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का असर पहले दिन ही शहर में देखने मिला। गुरुवार को शहर में न तो कहीं झाडू लगी और न ही वार्डों से कचरा उठा। जगह-जगह कचरे का ढ़ेर लगा रहा, जिसके चलते लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। वार्डवासी कचरा वाहन का इंतजार करते रहे। नगर के व्यावसायिक क्षेत्रों में गंदगी पसरी रही। सुबह 6 बजे सभी सफाई कर्मचारी, वाहन चालक, लोक निर्माण शाखा, जलप्रदाय शाखा व पार्क के कर्मचारी काम बंद कर नगर पालिका के सामने एकत्रित हो गए। इस दौरान नियमित व विनियमित के साथ आउटसोर्स कर्मचारी शामिल रहे। सभी कर्मचारी पैदल रैली निकालकर जयस्तंभ चौक पहुंचे, जहां वह अपनी मांगों को लेकर पूरा दिन डंटे रहे। कर्मचारियों का कहना है कि उनका 11 माह का एरियर भुगतान अब तक नहीं किया गया। इसके चलते उन्हें आर्थिक संकट से जूझना पड़ रहा है। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल की सूचना पर मौके पर पहुंचे नगर पालिका अध्यक्ष ने समझाइश देने का प्रयास किया, लेकिन कर्मचारियों ने हड़ताल वापस नहीं ली। वहीं एरियर की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों को पार्षदों का भी समर्थन मिला। वहीं देर शाम सभी कर्मचारियों ने कलेक्टर डॉ. केदार सिंह से मुलाकात कर अपनी बात रखी है।
सफाई कर्मचारियों ने बताया कि उन्होंने 30 दिसंबर को मुख्य नगर पालिका अधिकारी से मुलाकात कर एरियर भुगतान की मांग रखी थी। उन्होंने आश्वस्त किया था कि 10 जनवरी को 50 प्रतिशत एरियर का भुगतान कर दिया जाएगा, लेकिन भुगतान नहीं किया गया। अब कहा जा रहा है कि 4 किस्तों में भुगतान करेंगे। कर्मचारियों का कहना था कि जब तक उनका भुगतान नहीं होगा वह हड़ताल वापस नहीं लेंगे।
गुरुवार को नगर में सफाई न होने की वजह से चारों तरफ गंदगी का आलम व्याप्त रहा। शहर की सब्जी मण्डी से कचरा उठाव न होने की वजह से जगह-जगह ढ़ेर लगा रहा। लोगों के आवागमन की वजह से पूरे मार्ग में यह कचरा फैल गया। इसके अलावा नगर के वार्डों से भी कचरा उठाव नहीं और न ही डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन के लिए वाहन पहुंचे।
Published on:
16 Jan 2026 12:14 pm
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