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Rajasthan News : नींबू के भाव ने छुड़ाए पसीने, बढ़ी हुई कीमत की यह है असली वजह, जानें

इस बार नींबू की फसल की ज्यादा आवक नहीं हो रही है। इससे थोक व खुदरा भाव ज्यादा है। थोक में मंडी में नींबू 140 से 160 तक बिक रहा है।

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Rajasthan Samachar : सीकर. शेखावाटी में गर्मी बढ़ते नींबू ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। तेज गर्मी और लू से बचाव के लिए कारगर और विटामिन सी से भरपूर नींबू की खपत बढ़ गई है। लेकिन डिमांड के हिसाब से नींबू की सप्लाई नहीं हो पा रही है। हाल यह है कि मई माह की शुरूआत में नींबू के खुदरा दो सौ रुपए प्रति किलो तक पहुंच गए हैं। वहीं शिकंजी के प्रति गिलास दस रुपए तक बढ़ गए हैं। व्यापारियों की माने तो आने वाले दिनों में नींबू की कीमतों में तेजी के आसार है। सीकर मंडी में मद्रास, आंध्रप्रदेश और महाराष्ट्र का रोजाना 40 क्विंटल नींबू आ रहा है। इससे जिले सहित आस-पास के क्षेत्रों में भेजा जाता है।

गर्मी में खपत ज्यादा
नींबू की खपत सबसे ज्यादा गर्मी के मौसम में होती है। इसका शीतल पेय पेय के रूप में उपयोग होने व इसके गुणों के कारण इसकी इस समय सबसे ज्यादा मांग रहती है।

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इस बार नींबू की फसल की ज्यादा आवक नहीं हो रही है। इससे थोक व खुदरा भाव ज्यादा है। थोक में सीकर मंडी में नींबू 140 से 160 तक बिक रहा है। पहले लग रहा था कि रमजान के बाद नींबू के भावों में कमी आएगी ,लेकिन लंबे समय से यही भाव स्थिर है। आवक बढऩे पर ही भावों में गिरावट आने के आसार हैं। रज्जाक अली निर्बाण, खुदरा विक्रेता, सीकर मंडी

देश मेंसबसे ज्यादा नींबू आंध्र में उगता है
नींबू के उगने के लिए आंध्रप्रदेश की मिट्टी सबसे अच्छी है। इसे लगातार पानी की जरूरत नहीं होती। वहां लगा नींबू का पौधा तीन से चार साल में फल देना शुरू करता है और अगले पांच साल तक सिर्फ खाद और जरूरत भर का पानी इसे जीवित रखता है और ये नींबू देता रहता है। इसलिए वहां इसका सबसे ज्यादा उत्पादन होता है।

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