एक मराठी परिवार में जन्मी ममता का बॉलीवुड में डेब्यू 1992 में हुआ था। फिल्म थी 'तिरंगा'। पहली ही फिल्म सुपरहिट रही। देखते ही देखते ही ममता की डिमांड बढ़ गई। 'आशिक अवारा' उनकी दूसरी ब्लॉबस्टर फिल्म रही। इस फिल्म ने सैफ अली खान के डूबते कॅरियर को भी सहारा दिया था। इसके बाद मिमता ने 'वक्त हमारा है', 'क्रांतिवीर', 'करण अर्जुन', 'सबसे बड़ा खिलाड़ी' और 'बाजी', 'घातक', 'चाइना गेट' सरीखी फिल्मों में काम करके नाम कमाया। 2002 में आई 'कभी तुम कभी हम' के बाद उन्होंने बॉलीवुड को अलविदा कह दिया।