सौराष्ट्र रेलवे का गठन अप्रैल 1948 में किया गया। इसमें भावनगर स्टेट रेलवे, गोंडल रेलवे, पोरबंदर रेलवे, जामनगर एंड द्वारका रेलवे, मोरबी रेलवे, ध्रांगध्रा रेलवे, ओखामंडल रेलवे, जूनागढ़ स्टेट रेलवे, बारिया लाइट रेलवे, राजपीपला रेलवे, भावनगर ट्रामवे शामिल थे। भारत की आजादी व रियासतों के विलयन के बाद विभिन्न स्टेट रेलवे को एक में शामिल करना अनिवार्य हो गया था। सौराष्ट्र व काठियावाड को सौराष्ट्र स्टेट में विलय कर दिया गया। इसी तरह केन्द्र सरकार ने गुजरात के विभिन्न स्टेट रेलवे को सौराष्ट्र रेलवे में विलय कर दिया। 5 नवंबर 1951 में बांबे, बड़ौदा एंड सेन्ट्रल इंडिया रेलवे, राजपुताना रेलवे, जयपुर स्टेट रेलवे, कच्छ स्टेट रेलवे का विलय करते हुए पश्चिम रेलवे बनाया गया।