Five years rigorous imprisonment for molesting an eight-year-old girl-पिछले साल रायसिंहनगर थाने में दर्ज हुआ था मामला
श्रीगंगागर। करीब एक साल पहले रायसिंहनगर थाना क्षेत्र में आठ साल की बच्ची से ज्यादती करने पर अब अदालत ने एक जने को दोषी मानते हुए पांच साल कठोर कारावास व दस हजार पांच सौ रुपए जुर्माने की सजा से दंडित किया है। यह निर्णय पोक्सों प्रकरणों की स्पेशल कोर्ट संख्या दो के स्पेशल जज अरुण कुमार अग्रवाल ने सुनाया।
विशिष्ट लोक अभियोजक नवप्रीत कौर ने बताया कि 10 अप्रेल 22 को पीडि़ता के पिता ने रायसिंहनगर पुलिस थाने में आकर रिपोर्ट दर्ज कराई। इसमें बताया कि 9 अप्रेल 22 को वह अपने काम पर गया हुआ था पीछे से उसकी आठ साल की बेटी खेलने के लिए गई थी। इस दौरान गांव बाजूवाला निवासी भगवान बावरी पुत्र जगतूराम बावरी उसकी बेटी को अपने घर ले गया और वहां मोबाइल पर गंदी गंदी वीडियो दिखाकर उससे दुष्कर्म करने का प्रयास करने लगा। इस दौरान परिजनों ने बच्ची की आवाज सुनकर वहां दबिश दी। पुलिस ने अनुसंधान के दौरान पीडि़त बच्ची के बयान करने के दौरान वीडियोग्राफी कराई। इसके बाद आरोपी भगवान बावरी के खिलाफ मामला दर्ज कर अदालत में चालान पेश किया। अदालत ने विचाराधीन इस मामले के दौरान पीडि़ता सहित बारह जनों ने बयान दिए जबकि बीस दस्तावेज साक्ष्य प्रस्तुत किए गए। अदालत ने दोनेां पक्षों की बहस सुनने के बाद आरोपी भगवान बावरी को दोषी मानते हुए आईपीसी की धारा 342 में छह माह कारावास व पांच सौ रुपए जुर्माना, पोक्सो की धारा 9 एम और धारा 10 में पांच साल कठोर कारावास व दस हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना नहीं देने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।