
wheat kept in dhan mandi
सादुलशहर.
रबी फसल के सीजन के शुरू होते ही भारी मात्रा में सरसों, गेहूं, चना व जौ की आवक शुरू हो गई है। इसके कारण धान मण्डी के पिड़ लबालब भर गए हैं। आसपास की सड़कों व गलियों में भी तिल रखने की जगह नहीं है। ऊपर से वाहनों की भरमार है। फिर भी मण्डी समिति ने व्यवस्था बनाने के कुछ कारगर कदम उठाए हैं। काश्तकारों को सबसे ज्यादा परेशानी धान मण्डी में बड़ी संख्या में घूम रहे बेसहारा पशुओं से है, जो उनकी जिन्सों को नुकसान पहुंचाते हैं और यातायात को बाधित करते हैं। तिलम संघ की ओर से सादुलशहर क्रय-विक्रय सहकारी समिति की ओर से समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीद की जा रही है।
मण्डी समिति सचिव सी.एल. वर्मा ने बताया कि अब तक करीब 30 हजार थैलों की खरीद की जा चुकी है तथा 1.10 लाख थैले बारदाना का वितरण किया जा चुका है तथा करीब 10 हजार थैलों का उठाव भी किया जा चुका है। समर्थन मूल्य पर चने की खरीद करीब तीन हजार थैले की जा चुकी है। इसके अलावा करीब 20 हजार थैले सरसों की खरीद समर्थन मूल्य पर की जा चुकी है। टिण्डा मण्डी में सरसों व चने की आवक भारी मात्रा में हो रही है। बड़ी संख्या में मुख्य सड़क पर किसानों के वाहन सरसों व चने आदि से भरे हुए विक्रय के लिए नम्बर के इन्तजार में खड़े नजर आते हैं।
इस कारण इस व्यस्तम मार्ग पर हर समय यातायात जाम की स्थिति बनी हुई है। उल्लेखनीय है कि प्रतिदिन करीब दो हजार थैले सरसों की खरीद व्यापारी कर रहे हैं। प्रतिदिन गेहूं की आवक करीब 20 हजार थैले बनी हुई है। समर्थन मूल्य पर सरसों, चना व गेहूं आदि की खरीद सम्बंधी व्यवस्था की जानकारी लेने के लिए एसडीएम नीलाभ सक्सैना ने कृषि उपज मण्डी समिति में खरीद एजेन्सी अधिकारियों की बैठक ली व खरीद सम्बंधी प्रगति, बारदाना व गेहूं की भण्डारण आदि की जानकारी प्राप्त की।
Published on:
17 Apr 2018 08:14 pm
बड़ी खबरें
View Allश्री गंगानगर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
