बोनबीबी : हिंदू करते हैं पूजा, तो मुसलमान इबादत
सुंदरवन का नाम तो आपने सुना ही होगा। इसे आदमखोर बाघों की धरती भी कहा जाता है लेकिन आज हम आपको बताएंगे कि यहां की देवी के बारे में, जिनका हिंदू पूजा करते हैं, तो मुसलमान इबादत। कहा जाता है कि ये देवी बाघों से यहां पर रहने वाले लोगों की रक्षा करती हैं।
इस देवी का नाम है बोनबीबी। यहां के लोगों का मानना है कि इनमें ऐसी शक्ति है कि ये खुंखार बाघों से रक्षा करती हैं. हम आपको बताते हैं कौन हैं बोनबीबी और इनका इतिहास क्या है।
यहां के रहने वाले हिंदू और मुसलमान, दोनों ही मानते हैं कि हमारी रक्षा के लिए इन्हें स्वर्ग से भेजा गया है। स्थानीय लोग ये भी मानते हैं कि इनका जन्म सऊदी में एक मुस्लिम परिवार में हुआ था। कहा जाता है कि जब वो हज के लिए गईं थी थी तो उन्हें दैवीय शक्ति मिल गई और यहां आकर खुंखार बाघों से रक्षा करने लगीं।
मान्यता है कि इस जंगल पर दक्षिण राय नामक राक्षस का शासन था। मान्यता के अनुसार, राक्षस के अत्याचारों से लोगों को बचाने के लिए देवी ने राक्षस से युद्ध किया और उसे हरा दीं। कहा जाता है कि हारने के बाद राक्षस ने देवी से रहम की भीख मांगी, उसके बाद देवी ने उसे माफ कर दिया।
कहा जाता है कि राक्षस ने देवी को वचन दिया कि वो बाघों के हमले से लोगों की रक्षा करेगा लेकिन वे अपने वचन से मुकर गया और जंगल में जाकर छिप गया। यहां रहने वाले कहते हैं कि राक्षस ही बाघ का रूप धारण कर लोगों पर हमला करता है।
बता दें कि यहां के जंगलों में बोनबीबी की प्रतिमाएं जगह-जगह लगी हुई है। जंगल में प्रवेश करने से पहले यहां के रहने वाले लोग पहले बोनबीबी की पूजा करते हैं, उसके बाद ही जंगल में जाते हैं।