
देवली में नगर पालिका की मंगलवार को आयोजित साधारण सभा बैठक में उपस्थित पालिकाध्यक्ष व पार्षद।
देवली. नगर पालिका मण्डल देवली की मंगलवार शाम पालिकाध्यक्ष रेखा जैन की मौजूदगी में पालिका सभागार में साधारण सभा हुई। इसमें पालिकाध्यक्ष ने आगामी वित्तीय वर्ष का बजट पढकऱ सुनाया। वहींं शहर के विकास को लेकर करीब 45 करोड़ के प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किए गए।
अधिशाषी अधिकारी भगवत सिंह परमार ने बताया कि सदन ने वित्तीय वर्ष 2018-19 के बजट पर चर्चा कर 4497.81 लाख रुपए का बजट सर्वसम्मति से पारित किया गया। इनमें शहर की हरियाली व सौन्दर्यकरण के तहत पार्कों के विकास के लिए 450 लाख रुपए, सौन्दर्यकरण के लिए 150 लाख, सामुदायिक भवन के लिए 45 लाख, सडक़ों के विकास के लिए 250 लाख, डामर सडक़ों के लिए 300 लाख, अन्य सडक़, पुलिया के लिए 250 लाख, नालियों के लिए 50 लाख, अन्य निर्माण के लिए 200 लाख, वाहन क्रय के लिए 62 लाख, टॉय टे्रन 175 लाख व इस मद के लिए 2290.10 लाख रुपए व्यय किए जाने का प्रावधान रखा है।
बैठक में व्यवसाय कर समाप्त करने, एकीकृत भवन उपविधियों (बिल्ंिडग बॉयलॉज) अन्तर्गत उपविभाजन व संयुक्तीकरण की दरों में कमी लाने, नल व बिजली के कनेक्शनों पर एनओसी लिए जाने को समाप्त करने का निर्णय लिया।
पार्षद भीमराज जैन ने पुश्तैनी जमीन पर नामान्तरण करने पर पालिका द्वारा लिए जाने वाले एक प्रतिशत सरचार्ज शुल्क व विखण्ड शुल्क लिए जाने का विरोध किया तथा इसे समाप्त करने की बात कही।
इस पर पालिकाध्यक्ष व अधिशाषी अधिकारी ने सकारात्मक आश्वासन दिया। बैठक में अधिशाषी अभियंता चरण सिंह लोदी, पालिकाकर्मी किशन गुर्जर, हंसराज, पार्षद बुद्धिप्रकाश साहू, किशनलाल, रतन मंगल , आर. पी. धाकड़, विवेकानंद वैष्णव आदि उपस्थित थे।
कीचड़ का आलम, आवाजाही बाधित
बनेठा. बनेठा कस्बे में पंचायत प्रशासन की लापरवाही एवं अनदेखी के चलते राजकीय सीनियर उच्च माध्यमिक विद्यालय के समीप बाजार के मुख्य मार्ग पर कीचड़ एवं गंदा पानी फैला हुआ है। इससे आवाजाही प्रभावित हो रही है। बनेठा कस्ब से बाजार के मार्ग पर ग्राम पंचायत के माध्यम से पानी निकासी की उचित व्यवस्था नहीं की गई है। इससे घरों का गंदा व व्यर्थ पानी सडक़ पर भर रहा है।
हाड़ोती में प्रदर्शन कर मांगा पीने का पानी
बंथली. धुवांकला पंचायत के हाड़ोती गांव के लोगों ने मंगलवार को जलदाय विभाग के खिलाफ प्रदर्शन कर पेयजल की मांग की। पेयजल की किल्लत से परेशान ग्रामीणों ने सुबह खाली बर्तन लेकर पहुंच गए और प्रदर्शन कर पेयजल उपलब्ध कराने की मांग की।
बाद में गांव के बुजुर्गों ने प्रशासन से बात कर उन्हें शांत किया। सुरेश, खुशीराम, मनराज आदि ने बताया कि कई ग्राम पंचायत ने पानी की टंकी का निर्माण तो करा दिया, लेकिन उसमें जलापूर्ति की व्यवस्था नहीं की। इससे परेशानी हो रही है। महिलाओं को दूर-दराज कुओं व स्रोतों से पानी लाना पड़ रहा है।
हटवाए गदंगी
पीपलू. बगड़ी से पीपलू मार्ग पर कीचड़ और गंदगी से लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मंजू जायसवाल ने बताया कि ग्राम के तालाब के पास नाले से निकलने वाला पानी सडक़ पर स्थित गड्ढों में एकत्रित हो जाता है।
Published on:
21 Feb 2018 12:06 pm

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