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राजस्थान की इस पालिका में हुआ सियासी ड्रामा: जीतते ही दो पार्षद निलंबित, वापस किया बहाल

कांग्रेस के दस पार्षद जीते लेकिन चुनाव में खड़ा नहीं किया उम्मीदवार
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उदयपुर

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Jasraj Ojha

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Updated: 8 Feb 2021, 1:37 AM IST

राजस्थान की इस पालिका में हुआ सियासी ड्रामा: जीतते ही दो पार्षद निलंबित, वापस किया बहाल

राजस्थान की इस पालिका में हुआ सियासी ड्रामा: जीतते ही दो पार्षद निलंबित, वापस किया बहाल


उदयपुर. नगर पालिका चुनाव में भींडर नगरपालिका में बड़ा सियासी घटनाक्रम हुआ है। यहां नवनिर्वाचित जनता सेना के दो पार्षदों के स्थानीय निकाय विभाग (डीएलबी) से एकाएक निलंबन हो जाना और फिर वापस बहाली के आदेश आ जाना चर्चा का विषय बना हुआ है।
मेवाड़ की हॉट सीट वल्लभनगर विधानसभा में भींडर नगर पालिका का चुनाव भी चर्चा में ही रहता है। ऐसा ही इस चुनाव में हुआ और जब चेयरमैन के मतदान के दिन निलंबन बहाल होने का पता चलता तो भींडर में सियासी बिसात जैसी भी बिछाने का जो गेम प्लान था उसने सबको आश्चर्य में डाल दिया।
असल में डीएलबी ने जनता सेना के दो पार्षद वार्ड 16 से मगनीराम रेगर व वार्ड 24 से गोवद्र्धन लाल भोई को 5 फरवरी को आदेश क्रमांक 314 व 325 के तहत पार्षदों के पद से निलम्बित कर दिया था। इसमें मगनीराम रेगर व गोवद्र्धन लाल भोई के विरुद्ध विचाराधीन जांच का हवाला देते हुए निलम्बित किया। इस आदेश से रविवार को होने वाले अध्यक्ष चुनाव में दोनों सदस्य भाग नहीं ले सकते थे। इस आदेश के बाद भींडर पालिका के राजनीतिक समीकरण बदलने के कयास लगने लगे। इस बीच फिर डीएलबी से आदेश क्रमांक 336 के तहत मगनीराम रेगर व आदेश क्रमांक 347 में गोवद्र्धनलाल भोई के निलम्बित आदेश को भी पुन: ले लिया गया। निलंबन के बाद बहाली की दिनभर चर्चा बनी रही। खास बात है कि इस नगरपालिका में कांग्रेस ने अपना उम्मीदवार ही खड़ा नहीं किया। यहां एक कांग्रेस पार्षद को निर्दलीय खड़ा कर उनको समर्थन दिया।