21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

वास्तु दोष दूर करने का आज शुभ मुहूर्त, घर की हर परेशानी होगी दूर: पंचांग

वास्तु दोष दूर करने का आज शुभ मुहूर्त, घर की हर परेशानी होगी दूर: पंचांग  

2 min read
Google source verification
vastu tips in hindi

vastu dosh nivaran today shubh muhurat with panchang

जबलपुर। शुभ विक्रम संवत् : 2076, संवत्सर का नाम : परिधावी, शाके संवत् : 1941, हिजरी संवत् : 1441 , मु.मास : जमादि उल , अव्वल 21, अयन : उत्तरायण, ऋतु शिशिर ऋतुु, मास : माघ, पक्ष : कृष्ण पक्ष
तिथि - सूर्योदय से अर्धरात्रि 05.33 मि. तक जया संज्ञक अष्टमी तिथि रहेगी। इसके पश्चात् रिक्ता संज्ञक नवमी तिथि लगेगी। अष्टमी तिथि को भगवान सदाशिव की पूजा करनी चाहिए, वे प्रचुर ज्ञान तथा अत्यधिक कांति प्रदान करते हैं। नवमीं तिथि में दुर्गा की पूजा करके मनुष्य इच्छापूर्वक संसार-सागर को पार कर लेता है तथा लोकव्यवहार में वह सदा विजय प्राप्त करता है।
योग- सूर्योदय से दोप. 03.06 मि. तक सुकर्मा योग रहेगा, पश्चात् धृति योग लगेगा। सुकर्मा योग के स्वामी इन्द्रदेव माने जाते हैं जबकि, धृति योग के स्वामी जलदेवता माने गए हैं।
विशिष्ट योग- सुकर्मा एवं धृति दोनों ही योग बेहद शुभ होते हंै। इन दोनों में किए गए कार्य की सफलता सुनिश्चित रहती है। आगम शास्त्र विधि से साधना करने के लिए सुकर्मा योग बेहद सफल होता है।
करण- सूर्योदय से सायं: 06.31 मि. तक बालव नामक करण रहेगा पश्चात कौलव नामक करण लगेगा। इसके पश्चात तैतिल नामक करण लगेगा।
नक्षत्र- सूर्योदय से अर्धरात्रि 01.12 मि. तक मृदु मैत्र चित्रा नक्षत्र रहेगा। पश्चात् चर चल स्वाति नक्षत्र लगेगा। पद और शपथ ग्रहण, सरकारी कर्मियों की नियुक्ति, चुनाव प्रचार, राजनीतिक संगोष्ठी आदि कार्य चित्रा नक्षत्र में निर्विवाद किए जा सकते हैं। नए-पुराने वाहनों का क्रय-विक्रय, वाहन के संचालन, वाहन से यात्रा करने या सवारी आदि के लिए स्वाति नक्षत्र शुभ माने गए हैं।

आज के मुहूर्त - अनुकूल समय में नए घर की वास्तुशांति करने के लिए शुभ मुहूर्त है।
श्रेष्ठ चौघडि़ए - प्रात: 07.10 मि. से 11.13 मि. तक क्रमश: चंचल लाभ व अमृत के चौघडिय़ा रहेंगे। दोप. 12.34 मि. से 01.54 मि. तक शुभ का चौघडिय़ा रहेगा एवं दोप. 04.36 मि. से सायं: 05.57 मि. तक चंचल का चौघडिय़ा रहेगा।
व्रत/पर्व - श्रीरामानंदाचार्य जयंती। सप्तमी तिथि का क्षय।
चंद्रमा - सूर्योदय से दोप. 01.48 मि. तक चंद्रमा पृथ्वी तत्व की कन्या राशि में रहेंगे, पश्चात् वायु तत्व की तुला राशि में प्रवेश करेंगे।
दिशाशूल- पश्चिम दिशा में। (अगर हो सके तो आज के दिन पश्चिम दिशा में यात्रा को टालना चाहिए)।
राहु काल - प्रात: 11.13.18 से दोप. 12.34.08 तक राहु काल वेला रहेगी। अगर हो सके तो इस समय में शुभ कार्यों को करने से बचना चाहिए।
आज जन्म लिए बच्चे- आज जन्म लिए बच्चों के नाम (पे, पो, रा, री, रू, रे ) अक्षरों पर रख सकते हैं। आज जन्मे बच्चों का जन्म चांदी के पाए में होगा। सूर्योदय से दोप. 01.48 मि. तक कन्या राशि रहेगी, पश्चात तुला राशि रहेगी। आज जन्म लिए बच्चे शरीर से सामान्य होंगे। सामान्यत: इनका भाग्योदय करीब 17 वर्ष की आयु में होगा। इनका जीवन संघर्षमय व सिद्धांतकारी रहेगा। ऐसे जातक प्रगतिशील व अनियमित दिनचर्या के होंगे। इन्हें वंशानुगत सम्पदा प्राप्त होगी। कन्या राशि में जन्मे जातक को दयालुता का त्याग नहीं करना चाहिए। तुला राशि के जातक को कुपित होने से बचना चाहिए।