उन्नाव में गंगा का जलस्तर घटने के साथी कटरी क्षेत्र की समस्याएं और भी बढ़ गई। बीघापुर, बांगरमऊ, सदर, सफीपुर तहसील के बड़ी संख्या में गांव बाढ़ की चपेट में है। सांसद साक्षी महाराज ने आज बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया।
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बारिश का असर दिखाई पड़ रहा है। उत्तराखंड में भारी बारिश में तबाही मचा रखी है। यहां के बांध से छोड़ा जा रहा पानी गंगा के जलस्तर को बढ़ा रहा है। गंगा नदी खतरे के निशान से 21 सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। स्थिति यह है कि जिले के गंगा किनारे के चार तहसीलों में स्थिति विकराल रूप ले चुकी है। गंगा का पानी खेतों में खड़ी फसल को नष्ट कर चुका है। किसान की सब्जियां भी बर्बाद हो गई हैं। कई गांव का संपर्क मार्ग भी टूट गया है। प्रभावित क्षेत्र के स्कूलों को प्रशासन ने बंद करने का आदेश दिया है। जिला प्रशासन राहत शिविर के माध्यम से प्रभावित क्षेत्र के लोगों को मदद पहुंचा रही है।
गंगा बैराज से छोड़ा जा रहा पानी कटरी क्षेत्र के लोगों पर कहर बनकर टूट रहा है। शुक्लागंज में खतरे के निशान से 21 सेंटीमीटर गंगा ऊपर बह रही है। स्थिति यह है कि नगर पालिका के सात मोहल्ले में बाढ़ का पानी घुस गया है। सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र बांगरमऊ, सफीपुर, सदर, बीघापुर के गांव शामिल है। जहां गंगा का जल तबाही मचा रहा है। सांसद साक्षी महाराज ने आज बांगरमऊ तहसील के कई गांव का दौरा किया है। जिसमें दबौली, हिंदूपुर आदि गांव शामिल है। इस मौके पर ग्रामीणों को राहत सामग्री भी बांटी गई। मौके पर उप जिलाधिकारी भी मौजूद थी।
सदर, बीघापुर और सफीपुर के गांव भी प्रभावित
सदर तहसील के देवी पुरवा, टपरा, महानंद पुरवा, बहरौला, मानव बंगाल आदि गांव में भी बाढ़ का पानी पहुंच गया है। सफीपुर तहसील के ददलहा, सेवपुरवा, रामपुर निबि गाढ़ा, जमुनिहा कच्छ सहित अन्य गांव प्रभावित है। बीघापुर तहसील के के लगभग 35 गांव बाढ़ की चपेट में है।