नोएडा। भला भैंसा आैर मकोड़ा भी किसी जगह के नाम हो सकते हैं। आैर तो आैर चिपियाना बुजुर्ग आैर अच्छे बुजुर्ग तो नाम नहीं होंगे लेकिन एेसी जगहे हैं गौतमबुद्घ नगर, मेरठ आैर गाजियाबाद जिले में, जिनके नाम सुनकर आप हैरत में पड़ जाते हैं। सोचते हैं कि क्या एेसे नाम भी हो सकते हैं किसी जगह के, लेकिन एेसी जगह चलते-चलते मिल ही जाती हैं। गौतमबुद्घ नगर, गाजियाबाद आैर मेरठ में कर्इ जगहें एेसी हैं, जिनके नाम सुनकर आप हंसते-हंसते लोटपोट जाएंगे।
जेवर आैर सोना
जेवर शब्द सामने आते ही सोने-चांदी के जेवर आंखों के सामने घूमने लगते हैं, लेकिन क्या आपको पता है कि गौतमबुद्घ नगर जिले की एक तहसील का नाम भी जेवर है। यह जगह आजकल अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट बनाने को लेकर काफी चर्चा में है। साथ ही मेरठ की परीक्षितगढ़ तहसील में एक गांव है, जिसका नाम है सोना। हालांकि, इसका मतलब ये बिल्कुल नहीं है कि यहां जेवर या सोने का काम होता है।

मकोड़ा आैर भैंसा
अगर आपसे पूछा जाए कि क्या मकोड़ा आैर भैंसा किसी जगह के नाम हो सकते हैं तो अापका जवाब होगा नहीं। लेकिन गौतमबुद्घ नगर आैर मेरठ जिले में एेसे गांव हैं। गौतमबुद्घ नगर की बिसरख तहसील में एक गांव का नाम मकोड़ा है। वहीं, मेरठ के मवाना कला में भैंसा गांव है। इसके अलावा गौतम बुद्घ नगर के दादरी में एक गांव का नाम घोड़ी बछेड़ा है। यह सुनकर आप यह मत समझिएगा कि यहां पर केवल भैंसा या घोड़ी ही होती हैं।
चिपियाना बुजुर्ग आैर अच्छे बुजुर्ग
गौतमबुद्घ नगर के इन गांवों के नाम सुनकर एेसा लगता है कि जैसे यहां केवल बुजुर्ग रहते हैं लेकिन एेसा है नहीं। जिले की बिसरख तहसील के गांव चिपियाना बुजुर्ग में काफी युवा भी रहते हैं। वहीं, अच्छे बुजुर्ग गांव दनकौर तहसील में स्थित है। इसी तरह मेरठ की जानी तहसील में भी एक गांव है, जिसका नाम जानी बुजुर्ग है।
चचूला आैर चचूरा
चचूला आैर चचूरा सुनने में काफी अजीब लगता है। एेसा लगता है जैसे कोर्इ अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रहा है या गाली दे रहा है लेकिन गौतमबुद्घ नगर की दनकौर तहसील के इन गांवों के लोग काफी सभ्य हैं।
यहां भी हैं कानपुर आैर मुरादाबाद
कानपुर, मुरादाबाद आैर शाहजहांपुर उत्तर प्रदेश के बड़े जिले हैं। कानपुर आैर मुरादाबाद तो मंडल भी हैं लेकिन गाैतमबुद्घ नगर की जेवर तहसील के एक गांव का नाम कानपुर है। इसी तरह गाजियाबाद की भोजपुर तहसील में मुरादाबाद अौर शाहाजहांपुर नाम से गांव हैं।
मुतैना अौर मुंहफाड़
गाैतमबुद्घ नगर की दनकौर तहसील में एक गांव का नाम मुहफाड़ है जबकि एक अन्य गांव का नाम मुतैना है।

खंजरपुर आैर मछरी
गाजियाबाद की भोजपुर तहसील के गांव खंजरपुर में खंजर नहीं मिलते हैं। यहां के लोग लड़ाकू भी नहीं हैं। इसी तरह भोजपुर में एक गांव का नाम मछरी है।
मक्खननगर अौर मेवा
मक्खननगर अौर मेवा गांव मेरठ में स्थित है। ये दोनों गांव हस्तिनापुर तहसील में आते हैं पर एेसा बिल्कुल नहीं है कि यहां मेवा या मक्खन बनता हो।
