🌟(आज का पंचांग – शुक्रवार, 19 सितम्बर, 2025)🌟
विक्रम संवत् – 2082
संवत्सर नाम – सिद्धार्थ
शक संवत् – 1947
हिजरी सन् – 1447
मु. मास – 26 रवि उल अव्वल
अयन – दक्षिणायन
ऋतु – शरद् ऋतु
मास – आश्विन
पक्ष – कृष्ण
श्रेष्ठ चौघड़िये – आज चर, लाभ, अमृत के चौघड़िये क्रमशः सूर्योदय से 10:50 तक रहेंगे। शुभ का चौघड़िया 12:21 से 1:51 तक रहेगा। चर का चौघड़िया 4:53 से सूर्यास्त तक रहेगा। इन चौघड़ियों में शुभ कार्य प्रारम्भ किए जा सकते हैं।
तिथि – त्रयोदशी तिथि रात्रि 11:37 तक होगी तदुपरान्त चतुर्दशी तिथि होगी।
दिशा शूल – आज पश्चिम दिशा में दिशा शूल रहेगा। इसलिए आज पश्चिम दिशा में यात्रा नहीं करनी चाहिए।
राहु काल वेला – (मध्यमान से) दिन 10:30 से 12:00 तक रहेगा।
नक्षत्र – अश्लेषा नक्षत्र प्रातः 7:06 तक रहेगा तदुपरान्त मघा नक्षत्र होगा।
योग – सिद्ध योग रात्रि 8:41 तक रहेगा तदुपरान्त साध्य योग रहेगा।
करण – गर करण दिन 11:31 तक तदुपरान्त वणिज करण रहेगा।
व्रत / दिवस विशेष – भद्रा रात्रि 11:37 से प्रारम्भ, त्रयोदशी व मघा का श्राद्ध, प्रदोष व्रत, मास शिवरात्रि, कलियुगादि तिथि, गंडमूल संपू्ण दिनरात,
चन्द्रमा – आज प्रातः 7:06 तक कर्क राशि में होगा तदुपरान्त सिंह राशि में प्रवेश होगा।
ग्रह का राशि /नक्षत्र परिवर्तन – गुरु का पुनर्वसु नक्षत्र चरण 3 में प्रवेश दिन 1:09 पर
आज जन्म लेने वाले बच्चे – आज प्रातः 7:06 तक जन्म लेने वाले बच्चों की राशि कर्क होगी तदुपरान्त सिंह राशि होगी। आज प्रातः 7:06 तक अश्लेषा नक्षत्र होगा तदुपरान्त मघा नक्षत्र होगा। आज जन्मे बच्चों का रजत पाद होगा। आज जन्म लेने वाले बच्चों के प्रथम नामाक्षर डो, म, मी, मु, मे पर रखे जा सकते हैं।
कर्क राशि के स्वामी चन्द्र हैं। यह जल प्रधान राशि है। ये बहुत भावुक होते हैं। भावनाओं के आवेग में बहने के करण चंचल प्रकृति के और बार बार निर्णय बदलने वाले हो सकते हैं। सुन्दर व आकर्षक होते है। व्यवहार मिलनसार होता है. कला, संगीत, साहित्य प्रेमी, कल्पनाशील, धार्मिक, दयालु, सहृदय, ईमानदार होते हैं। सिंह राशि के स्वामी सूर्य है। इस राशि के बच्चे निडर, साहसी, दयालु, ऐश्वर्यशाली, शत्रुहन्ता होते हैं।
✍️ पंडित मुकेश भारद्वाज, ज्योतिर्विद व वास्तुविद्