(आज का पंचांग – शुक्रवार, 22 अगस्त, 2025)
विक्रम संवत् – 2082
संवत्सर नाम – सिद्धार्थ
शक संवत् – 1947
हिजरी सन् – 1447
मु. मास – 27 सफ़र
अयन – दक्षिणायन
ऋतु – शरद् ऋतु प्रारम्भ,
मास – भाद्रपद
पक्ष – कृष्ण
श्रेष्ठ चौघड़िये – आज चर, लाभ, अमृत के चौघड़िये क्रमशः सूर्योदय से 10:54 तक रहेंगे। शुभ का चौघड़िया 12:30 से 2:06 तक रहेगा। चर का चौघड़िया 5:18 से सूर्यास्त तक रहेगा। इन चौघड़ियों में शुभ कार्य प्रारम्भ किए जा सकते हैं।
तिथि – चतुर्दशी तिथि दिन 11:56 तक होगी तदुपरान्त अमावस्या तिथि होग।
दिशा शूल – आज पश्चिम दिशा में दिशा शूल रहेगा। इसलिए आज पश्चिम दिशा में यात्रा नहीं करनी चाहिए।
राहु काल वेला – (मध्यमान से) दिन 10:30 से 12:00 तक रहेगा।
नक्षत्र – अश्लेषा नक्षत्र रात्रि 12:17 तक होगा तदुपरान्त मघा नक्षत्र होगा।
योग – वरियान योग दिन 2:35 तक रहेगा तदुपरान्त परिघ योग रहेगा।
करण – शकुनि करण दिन 11:56 तक तदुपरान्त चतुष्पद करण रहेगा।
व्रत / दिवस विशेष – सायन कन्या में सूर्य रात्रि 2:04 पर, शरद्ऋतु प्रारम्भ, पितृकार्य अमावस्या, पिठोरी अमावस्या, जैन वृषभोत्सव, मन्वादि, जीवंतिका पूजन) गंडमूल संपूर्ण दिनरात्रि
चन्द्रमा – आज रात्रि 12:17 तक कर्क राशि में होगा तदुपरान्त सिंह राशि में प्रवेश होगा।
आज जन्म लेने वाले बच्चे – आज रात्रि 12:17 तक जन्म लेने वाले बच्चों की राशि कर्क होगी तदुपरान्त सिंह राशि होगी। आज रात्रि 12:17 तक अश्लेषा नक्षत्र होगा तदुपरान्त मघा नक्षत्र होगा। आज जन्मे बच्चों का रजत पाद होगा। आज जन्म लेने वाले बच्चों के प्रथम नामाक्षर डी, डू, दे, डो, म पर रखे जा सकते हैं।
कर्क राशि के स्वामी चन्द्र हैं। यह जल प्रधान राशि है। ये बहुत भावुक होते हैं। भावनाओं के आवेग में बहने के करण चंचल प्रकृति के और बार बार निर्णय बदलने वाले हो सकते हैं। सुन्दर व आकर्षक होते है। व्यवहार मिलनसार होता है। कला, संगीत, साहित्य प्रेमी, कल्पनाशील, धार्मिक, दयालु, सहृदय, ईमानदार होते हैं।
पंडित मुकेश भारद्वाज, ज्योतिर्विद व वास्तुविद्