जयपुर। राजस्थान में होली की तिथियों को लेकर चल रहा संशय अब पूरी तरह दूर हो गया है। ज्योतिषाचार्यों ने स्पष्ट किया है कि 3 मार्च को रंगों का त्योहार धुलंडी मनाई जाएगी। चंद्रग्रहण के कारण लोगों में उत्पन्न भ्रम पर विद्वानों ने साफ कहा है कि धुलंडी पर ग्रहण का कोई विशेष असर नहीं पड़ेगा। राज्य सरकार ने 2 मार्च को होलिका दहन और 3 मार्च को धुलंडी का सार्वजनिक अवकाश घोषित किया है। प्रशासन और मंदिर प्रबंधन ने श्रद्धालुओं से निर्धारित समय और नियमों का पालन करने की अपील की है।
ज्योतिषाचार्य पंडित राजकुमार चतुर्वेदी ने भी स्पष्ट किया कि होली की तारीखों को लेकर कोई भ्रम नहीं है। ग्रहण के दौरान सूतक का प्रावधान तब विशेष रूप से लागू होता है जब ग्रहण आरंभ हो जाए। धुलंडी सूर्यास्त से पहले मनाई जाएगी, इसलिए यह वर्जित नहीं है। हालांकि मंदिरों में पूजा-पाठ, हवन और अन्य धार्मिक अनुष्ठान सूतक काल में वर्जित रहेंगे।