नागौर के बीकानेर रोड पर अधूरे पड़े रेलवे ओवर ब्रिज निर्माण के मामले को लेकर शहर के लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। सुगन सिंह सर्किल के आस-पास का बाजार विरोध में दोपहर तक बंद रहा और शहर के लोगों ने पहुंचकर जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। जिला कलक्टर को बताया कि ठेकेदार जानबूझकर इस काम को पूरा नहीं कर रहा। जबकि रेलवे ने फाटक को बंद करके शहर के लोगों को परेशानी में डाल दिया। पूरे बारिश के मौसम में बीकानेर रोड पर बसे लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही। बच्चे स्कूल जाने के लिए कीचड़ से निकलकर गए। ऐसे में ठेकेदार पर जुर्माना हों और उसे ब्रिज को बनाने के आदेश दिए जाए। साथ ही मांग रखी कि जबतक रेलवे ओवर ब्रिज का निर्माण पूरा नहीं हों तब तक यहां लगी फाटक को खोला जाए। अभी बीकानेर से नागौर की ओर आने वाले वाहन चालकों को कई बार रास्ता नहीं मिलता और वे यहां-वहां भटक रहे हैं। साथ ही रेलवे पटरी के दूसरी ओर एक दर्जन से अधिक समाजों के मुक्तिधाम है। समाज में किसी की मौत होने पर उसकी अंतिम यात्रा को मुक्तिधाम तक ले जाने में बड़ी परेशानी हो रही हैं। पटरी के पास कई देर तक बैठा रहना पड़ता है। अधिवक्ता गोविंद कड़वा ने बताया कि सारे सरकारी दफ्तर पटरी के दूसरी ओर बीकानेर रोड पर है। बावजूद प्रशासनिक अधिकारी इस मामले में गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। प्रदर्शन करने वाले लोगों ने 25 सितम्बर तक की चेतावनी दी कि सुनवाई नहीं हुई तो अब रेल रोकने को मजबूर होंगे।