नागौर. जैन श्वेतांबर तपागच्छ संघ के बोहरावाड़ी स्थित उपाश्रय में शुक्रवार को जैन धर्म के 22वें तीर्थकर नेमिनाथ का जन्म कल्याणक महोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर शक्रस्तव महाभिषेक किया गया। इसमें पंचामृत, विभिन्न तरह की औषधियां, अनेक नदियों के जल से एवं 11 तरह के द्रव्यों से नेमिनाथ भगवान का अभिषेक किया गया। अभिषेक करने के लिए श्रावक एवं श्राविकाओं में होड़ लगी रही। इस दौरान श्रेयांश सिंघवी ने एक से बढकऱ एक भजनों की प्रस्तुतियां दी। इसमें सोना रुपाणा कलशे प्रभु ने नवरावो हर्षे, संसार थी विरती रथ नो गिरनार थी मुक्ति पथ नो, गिरनार शोभे देखो नेम जी शामलिया सरीखे भजन प्रस्तुत किए गए तो पूरा माहौल भक्ति के रंग में रंगा नजर आया। शक्रस्तव अभिषेक का लाभ मधुबाला, देवेन्द्र बांठिया, भंवरीदेवी, जीवनचंद भुरट को मिला। इसके साथ ही नीति सूरी समुदाय के गच्छाधिपति आचार्य भगवंत अरिहंत सिद्ध सुरीश्वर जी महाराज साहब का 100वा जन्मोत्सव भी मनाया गया। इस दौरान साध्वी अमितमाला, साध्वी मैत्रीमाला, अंकित बांठिया, अमित चौरडिया, अंकित समदडिय़ा, रौनक बांठिया, खुशी, अंकिता, स्वदेश बांठिया, महावीर दुगड़, सुनील बांठिया, सुनील तोलावत, किशोर सिंघवी एवं मोहित सकलेचा आदि मौजूद थे।
नेमिनाथ जन्म कल्याणक महोत्सव मनाया
नागौर. कनक आराधना भवन में शुक्रवार को नेमिनाथ जन्म कल्याणक महोत्सव मनाया गया। इस मौके पर खतरगच्छ जैन साध्वी मृगावती एवं नित्योदया ने भगवान नेमिनाथ के जीवन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम में अक्षरा डागा, भूमिका, धनलक्ष्मी बोथरा एवं नेवी डोसी ने नृत्य की प्रस्तुतियां दी। इस दौरान श्रद्धालुओं ने भजनों की प्रस्तुतियां दी। इसमें एक से बढकऱ एक भजन प्रस्तुत किए गए। कार्यक्रम में खतरगच्छ संघ के संरक्षक प्यारेलाल बोथरा, अशोक लुणावत, विकास बोथरा, विमलचंद कोठारी, कमल डोसी, केवलराज बच्छावत, देवीलाल खजांची, विनय बोथरा, शांतिलाल चौधरी आदि मौजूद थे।