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प्रौढ़ की लाठियों व धारदार हथियार से पीटकर निमर्म हत्या
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प्रौढ़ की लाठियों व धारदार हथियार से पीटकर निमर्म हत्या

मझौली थाना के पुलिस चौकी मड़वास अंतर्गत हिनौता गांव की घटना, गुस्साए ग्रामीणों व परिजनों ने किया चक्काजाम, आरोपियों के घरों में बुलडोजर कार्रवाई के बाद माने

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सीधी। जिले के मझौली थाना क्षेत्र के पुलिस चौकी मड़वास अंतर्गत हिनौता गांव में मंगलवार की रात एक प्रौढ़ की लाठियों से पीटकर एवं धारदार हथियार से हमला कर निर्मम हत्या कर दी गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार प्रौढ़ को आरोपीगण टार्च जलाकर देख रहे थे कि अभी जिंदा तो नहीं बचा है। हत्या में आधा दर्जन से अधिक लोगों के शामिल होने का आरोप परिजनों ने लगाया है। घटना से गुस्साए परिजनों एवं ग्रामीणों ने बुधवार को मड़वास-मझौली मार्ग के हिनौता छांदा में शव रखकर चक्काजाम कर दिया। सुबह करीब 10 बजे से शुरू हुआ चक्काजाम आंदोलन शाम करीब 5 बजे तक जारी रहा। ग्रामीणों व परिजनों की मांग थी की घटना में शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए, आरोपियों के घरों में बुलडोजर कार्रवाई की जाए तथा मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता दिलाई जाए। आंदोलनकारी मांग को लेकर दिन भर डटे रहे। मौके पर उपस्थित पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा शाम करीब 5 बजे आरोपियों के घरों में बुलडोजर कार्रवाई शुरू की गई तब कहीं जाकर चक्काजाम आंदोलन समाप्त करते हुए मृतक का अंतिम संस्कार किये जाने की प्रक्रिया शुरू हुई।

घटना के संबंध में बताया गया कि हिनौता निवासी नारायणदास पिता भास्कर दत्त द्विवेदी (42) मंगलवार की रात अपने घर से यह कहकर निकले थे कि धान का रोपा लगवाने के लिए लेबर ढूंढने जा रहा हूं। रात करीब 8.30 बजे वह गांव के ही राजेश पिता रामलखन कुशवाहा के घर में बैठे थे, तभी गांव के ही गुप्ता व कुशवाहा परिवार के करीब आधा दर्जन से अधिक लोग लाठी व धारदार हथियार लेकर राजेश कुशवाहा के घर बाहर पहुंचे और गाली गलौंज करते हुए नारायण को बाहर बुलाने लगे। माहौल को देखते हुए राजेश कुशवाहा ने उन्हें बाहर जाने से रोक दिया, तब आरोपी अमृतलाल गुप्ता उर्फ पप्पू घर के अंदर घुस गया और मारपीट करते हुए उन्हें बाहर खीच ले गया, जहां आधा दर्जन से अधिक लोगों ने पीट-पीट कर उनकी हत्या कर दी।

टार्च जलाकर देख रहे थे, जिंदा है या नहीं-
आरोपियों द्वारा घटना को अंजाम राजेश कुशवाहा के घर के सामने दिया गया। प्रत्यक्षदर्शी आसमा कुशवाहा व अनीता कुशवाहा ने बताया, जहां नारायण द्विवेदी के साथ मारपीट की जा रही थी। वह आरोपियों से छोड़ देने की विनती कर रहे थे, लेकिन आरोपीगण लगातार उन्हें लाठी व कुल्हाणी से मार रहे थे। बीच-बीच में टार्च जलाकर देख रहे थे कि वह जिंदा है या नहीं।

परिजन पहुंचे तब छोडक़र भागे-
हिनौता निवासी राजेश कुशवाहा जिसके घर नारायण द्विवेदी बैठे थे, उसने आरोपियों को मारपीट करने से रोकने की कोशिश की लेकिन आरोपी उसके घर में घुसते हुए पहले उसी पर लाठी से हमला किया, जिससे वह गिर गया। आरोपियों का तेवर देखते हुए उसे आशंका हो गई थी वो नारायण को मार देंगे, इसलिए वह नारायण के घर वालों जानकारी देने भागा, लेकिन बीच में पडऩे वाले रेलवे ट्रैक में मालगाड़ी आ जाने से उसके गुजरने का इंतजार करना पड़ा। मालगाड़ी गुजर जाने के बाद उसने नारायण द्विवेदी के घर पहुंचकर भाइयों को जानकारी दी, जब उनके भाइयों के साथ वापस घटना स्थल पहुंचा तो आरोपीगण भागते हुए मिले।

अचेत अवस्था में लेकर भागे अस्पताल-
मृतक के बड़े भाई राजेश द्विवेदी ने बताया, जब मेरे घर आकर राजेश कुशवाहा ने घटना की जानकारी दी तो हम लोग भागते हुए घटना स्थल पर पहुंचे, जहां आरोपीगण भागते हुए दिखे। नारायण लहूलुहान अचेत अवस्था में पड़ा था। उसे लेकर तत्काल मड़वास अस्पताल पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने परीक्षण उपरांत मृत घोषित कर दिया।

सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक चक्काजाम-
घटना से गुस्साए परिजनों एवं ग्रामीणों द्वारा सुबह 10 बजे से मड़वास-मझौली मार्ग के हिनौता छांदा में शव रखकर चक्काजाम आंदोलन शुरू कर दिया। मांग थी की घटना में शामिल सभी आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए, आरोपियों के घर में बुलडोजर कार्रवाई की जाए तथा मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता दिलाई जाए। चक्काजाम आंदोलन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर बड़ी संख्या में पुलिस व प्रशासनिक अमला तैनात रहा। शाम करीब 5 बजे आरोपियों के घरों में बुलडोजर कार्रवाई शुरू होने के बाद आंदोलन समाप्त किया गया।

पांच आरोपियों के विरूद्ध अपराध दर्ज, चार गिरफ्तार-
प्रत्यक्षदर्शियों एवं परिजनों के बयान के आधार पर पुलिस ने पांच आरोपियों के विरूद्ध नामजद अपराध दर्ज कर लिया है, वहीं चार आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया गया है। घटना में शामिल अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है। पुलिस के अनुसार विवेचना के दौरान घटना में और लोगों का नाम सामने आता है तो उनके विरूद्ध भी अपराध दर्ज किया जाएगा। आरोपियों में अमृतलाल उर्फ पप्पू पिता रामनाथ गुप्ता (40), राजमणि उर्फ लाला पिता जगन्नाथ कुशवाहा (60), रिंकू पिता राजमणि कुशवाहा (30), लाल जी पिता रामनाथ गुप्ता (35) तथा बाबू पिता राजमणि कुशवाहा सभी निवासी हिनौता शामिल हैं।

गुस्साए ग्रामीण आरोपियों के घरों में आग लगाने को थे तैयार-
चक्काजाम कर रहे ग्रामीणों की मांग जब पुलिस व प्रशासन द्वारा नहीं सुनी जा रही थी, उनका गुस्सा बेकाबू हो गया। कई लोग पेट्रोल लेकर आरोपियों के घरों में स्वयं आग लगाने रवाना हो गए। गांव के बुजुर्गों व पुलिस के अधिकारियों ने काफी समझाइस दी तब वह माने। लेकिन आरोपियों के घर तक पहुंचे ग्रामीणों ने घर के सामने खड़े ट्रेलर में तोड़ फोड़ करने से नहीं माने।

दो घरों में चला बुलडोजर-
आरोपी मुख्य रूप से दो परिवार के ही थे, जिसमें एक गुप्ता परिवार व एक कुशवाहा परिवार शामिल है। प्रशासन द्वारा इन्हीं दोनो परिवारों के घरों के कुछ हिस्सों को जेसीबी से ढहाने की कार्रवाई की गई है।

वर्जन-
वारदात को अंजाम देने में फिलहाल पांच आरोपियों की पहचान की गई है, जिनके विरूद्ध हत्या का अपराध दर्ज कर लिया गया है, चार आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया गया है। ग्रामीणों व परिजनों की मांग पर राजस्व अमले द्वारा आरोपियों के घर पर बुलडोजर कार्रवाई भी की गई है। विवेचना में और आरोपियों के नाम यदि सामने आते हैं, उनके विरूद्ध भी अपराध दर्ज किया जाएगा। फिलहाल चक्काजाम आंदोलन समाप्त करवाकर मृतक का अंतिम संस्कार करा दिया गया है।
दीपक बघेल, थाना प्रभारी मझौली