11 अप्रैल 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

एक बार सोने के बाद महीनों तक नहीं जागती ये लड़की, उठने बाद हमेशा कहती है ये बात

डॉक्टरों के मुताबिक वह क्लीन लेविन सिंड्रोम से ग्रसित है। यही वजह है कि लोगों ने उसका नाम 'स्लीपिंग ब्यूटी' रख दिया है। बता दें कि, जब वह छह साल की थी तब से ही वह नींद लेने के 22 से 64 दिनों के बाद ही जागती थी।

2 min read
Google source verification
rare sleeping syndrome that leaves girl in bed for months

एक बार सोने के बाद महीनों तक नहीं जागती ये लड़की, उठने बाद हमेशा कहती है ये बात

नई दिल्ली। आपको हम एक ऐसी लड़की के बारे में बताने जा रहे हैं जो एक बार सोने के बाद फिर 2 माह के बाद ही जागती है। 22 साल की इस लड़की का नाम निकोल है। डॉक्टरों के मुताबिक वह क्लीन लेविन सिंड्रोम से ग्रसित है। यही वजह है कि लोगों ने उसका नाम 'स्लीपिंग ब्यूटी' रख दिया है। बता दें कि, जब वह छह साल की थी तब से ही वह नींद लेने के 22 से 64 दिनों के बाद ही जागती थी। आपको जानकर हैरानी होगी कि, उसके 14वें जन्मदिन पर सभी मित्र एवं परिवालवाले उसे मिलने पहुंचे, उस दौरान वह सो रही थी और उसके उठने का कोई रास्ता नहीं था यही वजह है वो अपना जन्मदिन नहीं मना पाई। निकोल के मुताबिक, उसकी दादी उसके सबसे करीब थी, एक बार जब वो गहरी नींद में थी तभी उसकी दादी की मृत्यु हो गई। वह इस बात से काफी हताश थी कि अपनी दादी को अंतिम बार भी नहीं देख सकी। निकोल अपनी इस बीमारी से काफी परेशान है। इसकी वजह से वह अपने काफी करीबियों से चाहकर भी नहीं मिल पाती हैं।

निकोल की इस बीमारी के लिए, उसके परिवार ने बड़े-बड़े डाक्‍टर्स से कंसल्‍ट किया। डाक्‍टर्स ने उसे क्लीन लेविन सिंड्रोम बीमारी का शिकार बताया है। जिसकी वजह से ही उसे इतनी गहरी नींद आती है। यह बीमारी रेयर केस में सुनाई देती है। एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, लड़की की अप्रैल में आंख लग गई थी, जो अब पिछले सप्ताह उठी है। इस दौरान वह अपनी परीक्षा नहीं दे पाई और अपना जन्म दिन भी नहीं मना पाई। वह क्लीन लेविन सिंड्रोम से पीड़ित दुनिया के एक हजार व्यक्तियों में से एक है। निकोल का कहना है कि, उसे अब थोड़ी आसानी होती है, क्योंकि लोग अब समझने लगे हैं कि यह क्या है। अब लोगों को समझाना आसान है। पहले वे मुझपर विश्वास नहीं करते थे, जो मेरे लिए सबसे कठिनाई की बात थी।"