19 अक्टूबर 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

मोटिवेशन : कोई काम छोटा बड़ा नहीं होता, सिखा दिया अरीना ने

महिलाओं के जज्बे की इस कड़ी में एक नाम अरीना खान का है, जिन्होंने समाज की कुरीतियां ठुकराकर 10 साल की उम्र में अखबार बांटने का काम शुरू किया।
2 min read
Google source verification

•

image

Amanpreet Kaur

•

Mar 01, 2018

Areena khan

Areena khan

महिलाओं के जज्बे की इस कड़ी में एक नाम अरीना खान का है, जिन्होंने समाज की कुरीतियां ठुकराकर 10 साल की उम्र में अखबार बांटने का काम शुरू किया। उन्हेें भारत की 100 लोकप्रिय महिलाओं की लिस्ट में शामिल किया गया है। वे वुमन इन पब्लिक लाइफ कैटेगिरी से भी सम्मानित हो चुकी हैं। वे राजस्थान की एक मात्र लडक़ी हैं, जो अखबार बांटकर परिवार का भरण-पोषण करती हैं।

आपकी सफलता

एक बेटी के रूप में जन्म लेना गौरवान्वित करता है। मेरे काम ने मुझे एक अलग पहचान दी है, जब मुझे बड़ी हस्तियां सम्मानित करती हैं, तो बहुत खुशी होती है।

जीवन से आपका अनुभव?

मेरे परिवार में 7 बहनें (जिसमें 2 बहनों की शादी हो गई), 2 भाई और मेरी अम्मी है। 8 साल की थी, जब पापा का साया सिर से उठ गया था। उस समय मैं पांचवीं क्लास में पढ़ती थी। पिताजी अखबार बांटने का कार्य करते थे। तबीयत खराब होने के कारण उनके साथ साइकिल पर धक्का लगाती थी, तब पता नहीं था जो काम मैं खेल समझ कर कर रही हूं, वो ही काम मेरी जिन्दगी का एक हिस्सा बन जाएगा।

आपकी चुनौतियां?

मुझे अखबार बेचते हुए १५ साल हो गए है। ये काम करते-करते बचपन कब गुजर गया पता ही नहीं चला। सुबह 5 बजे उठकर अखबार खरीदना, बांटना और आवारा पशुओं से बचकर आगे बढऩे जैसी चुनौतियों ने मुझे बहुत कुछ सिखाया है। काम के साथ- साथ मैंने पढ़ाई भी जारी रखी और शाम को हॉस्पिटल में पार्ट टाईम नर्स का काम भी शुरू किया।

क्विक क्वेचन

महिला और पुरुष में कोई अंतर: दोनों में कोई अंतर नहीं हैं, मैं १६ साल से जिस फील्ड में काम कर रही हूं, उसमें एक भी युवती या महिला नहीं है।
ऐसा सवाल जो हमेशा फे स करना पड़ता है : लडक़ी होकर पेपर बांटती हो।
हमेशा अपने साथ रखती हो : मोबाइल और पानी की बोतल।
गर्ल होने पर कैसा फील होता है : मैं बहुत प्राउड फील करती हूं, मुझे समाज ने बहुत मान सम्मान दिया है।
महिला साथी को कोई टिप : खुद को कभी भी कम मत समझो। एक लडक़ी घर और बाहर, दोनों संभाल सकती है।