पाकिस्तान में सेना और बलूच विद्रोहियों के बीच संघर्ष जारी है। इसी बीच सेना ने 7 बलूच विद्रोहियों को मार गिराया।
बलूचिस्तान (Balochistan) में बिगड़ती स्थिति की वजह से वो पाकिस्तान (Pakistan) के गले की फांस बन चुका है। काफी समय से बलूच विद्रोहियों और पाकिस्तानी सेना के बीच संघर्ष चल रहा है। इसकी वजह है पाकिस्तानी सरकार की बलूचों की उपेक्षा करना और सेना के निर्देश पर बलूचों का अपहरण और हत्या। ऐसे में बलूच नेता, विद्रोही और ज़्यादातर जनता खुद को पाकिस्तान से अलग करते हुए आज़ाद बलूचिस्तान के रूप में अपना अलग देश चाहते हैं। हालांकि पाकिस्तान सरकार और सेना ऐसा नहीं होने देना चाहती। मंगलवार को पाकिस्तानी सेना ने बलूच विद्रोहियों के खिलाफ दो अलग-अलग सैन्य अभियान चलाए।
पाकिस्तानी सेना की मीडिया शाखा इंटर-सर्विसेज़ पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने जानकारी देते हुए बताया कि मंगलवार को सेना ने बलूचिस्तान के कच्छी जिले के माच इलाके में 5 बलूच विद्रोहियों को मार गिराया गया। सेना और बलूच विद्रोहियों के बीच गोलीबारी हुई, जिसमें सेना को कामयाबी मिली। दूसरे सैन्य अभियान में पाकिस्तानी सेना ने कलात जिले के मरगंड इलाके में 2 अन्य बलूच विद्रोहियों को भी मार गिराया। पाकिस्तानी सेना ने बलूच विद्रोहियों को आतंकी बताया।
आईएसपीआर ने बताया कि पाकिस्तानी सेना ने बलूच विद्रोहियों के ठिकानों पर हमला करते हुए उन्हें ढेर कर दिया। सेना ने इन ठिकानों से हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक भी बरामद किए।
बलूच लिबरेशन आर्मी – बीएलए (Baloch Liberation Army- BLA) बलूचिस्तान के सुराब (Surab) शहर पर पहले ही कब्ज़ा कर चुकी है। अब उन्होंने राजधानी क्वेटा (Quetta) के साथ ही मस्तुंग (Mustang) में भी कई इलाकों पर कब्ज़ा कर लिया है। ऐसे में अब बलूचिस्तान के अन्य शहरों पर भी बीएलए के कब्ज़ा करने का खतरा बढ़ गया है।
बीएलए के बलूचिस्तान के शहरों पर धीरे-धीरे कब्ज़े की आशंका से पाकिस्तानी सेना अलर्ट हो गई है। सैनिकों की तैनाती बढ़ा दी गई है, जिससे बीएलए को कामयाबी न मिले। पुलिस भी सेना की मदद कर रही है।
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