
Shia muslims in PoK
पाकिस्तान (Pakistan) के कब्ज़े वाले कश्मीर (PoK) में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। गिलगित-बाल्टिस्तान (Gilgit-Baltistan) में तनाव की स्थिति बढ़ती जा रही है और इस वजह से हालात भी काफी बिगड़ गए हैं। इस इलाके में सुन्नी और शिया मुस्लिमों के बीच दुश्मनी का पुराना इतिहास रहा है और अब एक बार फिर यह दुश्मनी भड़क गई है। दरअसल गिलगित-बाल्टिस्तान में शिया मुस्लिम लंबे समय से अल्पसंख्यक रहे हैं। साथ ही पाकिस्तानी सेना भी सुन्नी मुस्लिमों का समर्थन करने के साथ ही उन्हें बढ़ावा भी देती है और शिया मुस्लिमों के खिलाफ सख्त रहती है। हाल ही में इस इलाके में शिया मुस्लिमो ने पाकिस्तानी सेना के खिलाफ बगावत कर दी है।
सिविल वॉर की दी धमकी
कुछ समय पहले ही शिया धर्मगुरु आगा बाकिर अल हुसैनी को स्कर्दू में एक धार्मिक कार्यक्रम के दौरान की गई उसकी टिप्पणी की वजह से गिरफ्तार कर लिया गया था। इसके बाद से शिया मुस्लिमों में नाराज़गी और बढ़ गई है और पूरे इलाके में हालात काफी बिगड़ गए हैं। पाकिस्तानी सेना के साथ ही वहाँ की हुकूमत के खिलाफ भी प्रदर्शन तेज़ हो गए हैं। हालत को देखते हुए इलाके में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं भी बंद कर दी गई हैं। शिया मुस्लिमों ने अपने धर्मगुरु को रिहा करने की बात करते हुए धमकी दी है कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो सिविल वॉर जैसे हालात पैदा हो जाएंगे। सेना भी इससे घबरा गई है और इस इलाके में 20 हज़ार सैनिको को तैनात किया गया है।
साथ ही पाकिस्तान के सेना प्रमुख असीम मुनीर ने सोमवार को इस्लामाबाद से चार मुस्लिम उलेमाओं को स्थिति को शांत करने के लिए गिलगित-बाल्टिस्तान भेजा है।
फिर से दी भारत में विलय की चेतावनी
गिलगित-बाल्टिस्तान के स्थानीय शिया मुस्लिमों ने सिर्फ सिविल वॉर की ही नहीं, भारत में विलय की चेतावनी भी दी है। ऐसा पहले भी हो चुका है। साथ ही इन लोगों ने भारत की ओर जाने वाले कारगिल हाइवे को खोलने की भी मांग उठाई है जिससे भारत जा सके।
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Published on:
06 Sept 2023 03:04 pm
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