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डूंगरपुर की वसुबेन के फेफड़े भरेंगे हैदराबाद में सांस

  अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में सोटो टीम को एक और उपलब्धि

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डूंगरपुर की वसुबेन के फेफड़े भरेंगे हैदराबाद में सांस

डूंगरपुर की वसुबेन के फेफड़े भरेंगे हैदराबाद में सांस

अहमदाबाद. राजस्थान के डूंगरपुर निवासी वसुबेन के फेफड़े अब हैदराबाद में सांस भरेंगे। दरअसल 46 वर्षीय इस महिला को ब्रेन डेड घोषित किए जाने पर उसके अंगों को दान किया गया। इनमें से फेफड़ों को हैदराबाद ले जाया गया है जहां एक मरीज को प्रत्यारोपित किए जाएंगे। इसके अलावा अन्य अंगों को भी जरूरतमंद मरीजों को प्रत्यारोपित किया गया।
डूंगरपुर की वसुबेन कलासुआ गत 21 नवम्बर को एक दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हुईं थीं। उस दौरान उपचार के लिए उन्हें डूंगरपुर प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र और उसके बाद हिम्मतनगर ले जाया गया। स्थिति में सुधार नहीं होने पर उन्हें गहन उपचार के लिए अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में लाया गया। यहां मंगलवार को उन्हें ब्रेन डेड घोषित कर दिया गया। अस्पताल में मौजूद स्टेट ऑर्गन टिशु ट्रान्सप्लान्ट ऑर्गेनाइजेशन (सोटो) की टीम ने वसुबेन की स्थिति और अंग दान के संबंध में उनके परिजनों को अवगत कराया। परिजनों ने इसके लिए स्वीकृति दे दी, जिससे वसुबेन की दो किडनी, लीवर और फेफड़ों का दान किया गया। इनमें से फेफड़ों को जरूरत के आधार पर हैदराबाद में उपचाराधीन एक मरीज के प्रत्यारोपण के लिए भेजा गया। इसके लिए अहमदाबाद के सिविल अस्पताल से एयरपोर्ट तक ग्रीन कॉरिडोर किया गया, जहां से चार्टर्ड फ्लाइट से फेफड़ों को हैदराबाद ले जाया गया। वसुबेन के अन्य अंग लीवर और दो किडनी का भी ट्रान्सप्लान्ट किया गया।

10 माह में 20 लोगों से मिले68 अंग, 54 में किए प्रत्यारोपित

सिविल अस्पताल में अंगदान की गतिविधियां तेज हो रही हैं। पिछले दस माह में अब तक 20 ब्रेनडेड लोगों से 68 अंग मिल चुके हैं। इनमें से 54 अंग प्रत्यारोपित कर दिए गए। अर्थात ब्रेनडेड अंगदाताओं की वजह से 54 लोगों को नया जीवन मिला है। अंगदान पाने वाले लोग ब्रेनडेड मरीजों को ईश्वरतुल्य मानते हैं। क्योंकि इस दान से उन्हें नया जीवन मिलता है।
डॉ. राकेश जोशी, चिकित्सा अधीक्षक, सिविल अस्पताल अहमदाबाद