गांधीनगर. मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल रविवार सुबह जापान पहुंचे। गुजरात के उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल के साथ उन्होंने यामानाशी के गवर्नर कोटारो नागासाकी के साथ बैठक से अपनी मुलाक़ातों की शुरुआत की।मुख्यमंत्री तथा प्रतिनिधिमंडल ने यामानाशी हाइड्रोजन कंपनी का दौरा किया। गवर्नर के साथ ग्रीन हाइड्रोजन सेक्टर में भी गुजरात में इन्वेस्टमेंट पोटेंशियल के विषय में विचार-विमर्श किया। उन्होंने यामानाशी हाइड्रोजन कंपनी के ग्रीन हाइड्रोजन की आपूर्ति, बिक्री तथा सर्विसिंग प्रक्रिया भी देखी।
यामानाशी के गवर्नर कोटारो ने कहा कि यामानाशी हाइड्रोजन कंपनी इस डेमॉन्स्ट्रेशन सहित ग्रीन हाइड्रोजन में अन्य पहलों से आगामी वाइब्रेंट समिट में सहभागी होने को उत्सुक है। कोटारो ने मुख्यमंत्री पटेल तथा गुजरात के प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करते हुए अपेक्षा व्यक्त की कि यह मुलाक़ात द्विपक्षीय संबंधों को अधिक सुदृढ़ बनाएगी।
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कहा कि भारत में नेशनल ग्रीन हाइड्रोजन मिशन, नेशनल इलेक्ट्रिक मोबिलिटी मिशन प्लान 2070 तक नेट ज़ीरो कार्बन इमिशन के लक्ष्य जैसी पहल की गई हैं।
पटेल ने कहा कि गुजरात भी ग्रीन-क्लीन एनर्जी के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए आगे बढ़ रहा है। गुजरात में रिन्यूएबल एनर्जी पोर्टफोलियो 100 गीगावॉट तक ले जाने के लक्ष्य तथा गुजरात न्यू रिन्यूएबल पॉलिसी की उन्होंने जानकारी दी।
उन्होंने यामानाशी गवर्नर को रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर तथा ग्रीन हाइड्रोजन सेक्टर में जापान-गुजरात के संबंधों को नए अवसर देने तथा नए निवेश के लिए वाइब्रेंट समिट 2024 में शामिल होने का आमंत्रण दिया। रविवार को अवकाश के दिन भी यामानाशी के गवर्नर इस बैठक में उपस्थित रहे और ऊष्मापूर्वक स्वागत किया। गुजरात के मुख्य सचिव राज कुमार के नेतृत्व में राज्य सरकार के वरिष्ठ सचिव एवं अग्रणी उद्योगपति भी इस मुलाक़ात में उपस्थित रहे।