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Morbi bridge collpase: कंपनी ने अंतरिम मुआवजे के रूप में जमा कराए 14.62 करोड़

Morbi bridge collapse, Oreva group, deposited, 14.62 crores, interim compensation

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Morbi bridge collpase: कंपनी ने अंतरिम मुआवजे के रूप में जमा कराए 14.62 करोड़

Morbi bridge collpase: कंपनी ने अंतरिम मुआवजे के रूप में जमा कराए 14.62 करोड़

Morbi bridge collapse: Oreva group deposited 14.62 crores as interim compensation


ओरेवा ग्रुप ने गुजरात हाईकोर्ट को मंगलवार को यह बताया कि कंपनी ने मोरबी ब्रिज हादसे के पीडि़तों के परिजनों के लिए 14.62 करोड़ के अंतरिम मुआवजे की रकम गुजरात राज्य कानूनी सेवा प्राधिकरण में जमा करा दी। कंपनी ने प्रभारी मुख्य न्यायाधीश ए जे देसाई और न्यायाधीश बीरेन वैषण्व की खंडपीठ को बताया कि कंपनी ने पीडि़तों के लिए अंतरिम मुआवजे के रूप में पूरी रकम दो किश्तों में जमा करा दी है। खंडपीठ ने कहा कि यह राशि गत फरवरी महीने के निर्देश के आधार पर वितरित की जाएगी। गत वर्ष 30 अक्टूबर को मोरबी में मच्छू नदी पर बने ब्रिज के टूटने से 135 लोगों की मौत हो गई थी। ब्रिज के संचालन व रखरखाव की जिम्मेदारी इस ग्रुप की थी।

हाईकोर्ट ने गत फरवरी महीने में कंपनी से इस हादसे के पीडि़तों को यह रकम जमा कराने का निर्देश दिया था। तब कोर्ट ने अथॉरिटी के सदस्य सचिव को निर्देश दिया था कि यह पूरी रकम जिला कानूनी सेवा अथाॅरिटी व सरकारी अधिकारियों के साथ संयोजन में पीडि़तों के वेरीफिकेशन के बाद बांटी जानी चाहिए।

उधर राज्य सरकार ने हाईकोर्ट को बताया कि सरकार ने गत 11 अप्रेल को मोरबी नगरपालिका को भंग कर दिया है। साथ ही यह भी कहा कि अब इस जनहित याचिका का निपटारा किया जाना चाहिए। हालांकि हाईकोर्ट ने जनहहित याचिका को लंबित रखा क्योंकि हाईकोर्ट ने रकम के वितरण की स्थिति को लेकर अथॉरिटी की ओर से सुनिश्चिता चाही। इस मामले की अगली सुनवाई 10 जुलाई रखी गई है।

हाईकोर्ट ने गत 22 फरवरी को कंपनी को निर्देश देेते हुए 135 मृतकों के प्रत्येक परिजनों को 10-10 लाख रुपए और घायल हुए 56 लोगों को 2-2 लाख की रकम देने को कहा था। हाईकोर्ट ने कंपनी से मुआवजे की अंतरिम रकम को दुगना करने का निर्देश दिया था जब कंपनी ने रकम की प्रस्ताव रखी थी। कंपनी ने उन सात बच्चों के देखभाल की बात का प्रस्ताव दिया था जो इस हादसे में अनाथ हो गए थे। इस मामले में कंपनी के एम़डी जयसुख पटेल सहित दस आरोपी जेल में बंद हैं।

हादसे में 135 लोगों की हुई थी मौत

गत वर्ष 30 अक्टूबर को मोरबी शहर में मच्छु नदी पर बना हैंगिंग ब्रिज टूट गया था। इस हादसे में 135 लोगों की मौत हो गई थी वहीं 56 लोग घायल हुए थे। हादसे से 5 दिन पहले ही 7 महीने की मरम्मत के बाद ब्रिज को खोला गया था। ब्रिज खोलने से पहले फिटनेस सर्टिफिकेट भी नहीं लिया गया था।