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आने वाला है ख्वाजा साहब का उर्स, तैयारियों के नाम पर जीरो…..

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807 th urs in ajmer

807 th urs in ajmer

अजमेर.

शहर जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष व पूर्व पार्षद सैयद गुलाम मुस्तफा चिश्ती ने जिला प्रशासन पर ख्वाजा मोइनुद्दीन हसन चिश्ती के 807वें सालाना उर्स की व्यवस्थाओं पर कोई ध्यान नहीं देने की बात कही। उन्होंने कहा कि कलेक्टर विश्वमोहन शर्मा ने एक बैठक कर इतिश्री कर ली लेकिन दरगाह क्षेत्र के हालातों में कोई भी परिवर्तन नहीं आया है। ख्वाजा साहब का सालाना उर्स प्रारम्भ होने में मात्र एक माह से भी कम समय बचा है। तैयारियों के नाम पर सिर्फ कागजी घोड़े दौड़ाए जा रहे है।

आते हैं हजारों जायरीन

उन्होंने कहा कि उर्स के दौरान देश व दुनिया से लाखों की संख्या में अकीदतमंद अजमेर आते है और अपनी कामयाबी के लिए ख्वाजा साहब के दरबार में हाजरी देते है। इसके लिए हर वर्ष प्रशासन की ओर से व्यवस्थाएं की जाती है लेकिन धरातल पर कोई बुनियादी कार्य नहीं होते है। चिश्ती ने बताया कि उर्स के दौरान दरगाह के आसपास के क्षेत्रों में विकास कार्य होने है लेकिन अब तक नगर निगम व अजमेर विकास प्राधिकरण व अन्य विभागों ने कोई सुध नहीं ली है।

गलियां व मुख्य मार्ग खुदे

हालात इतने खराब है कि पीएचईडी विभाग द्वारा दरगाह के नजदीक व आसपास के क्षेत्रों में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत पेयजल लाइने डाली गई है जिसके कारण गलियां व मुख्य मार्ग खुदे हुए है। कई स्थानों पर तो नाले भी खुले हुए है जिसमें आए दिन पशु व जायरीन गिरते रहते है। नगर निगम व जलदाय विभाग इन्हें सुधारने के लिए कोई प्रयास नहीं कर रहा है। दोनों ही विभाग एक.दूसरे पर टालमटोल कर रहे है।

हो पर्याप्त बंदोबस्त

मुस्तफा ने बताया कि उर्स के लिए जायरीन को ठहराने के लिए कायड़ में बनाई गई विश्रामस्थली पर बेहतर चिकित्सा व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए चिकित्सा मंत्री रघु शर्मा से भी बातचीत की गई तथा उर्स के दौरान लगाई जाने वाली डिस्पेंसरियों में कंपाउडर के साथ.साथ चिकित्सकों को भी नियुक्त किया जाए तथा विश्रामस्थली पर प्राथमिक चिकित्सा के साथ.साथ कुछ बेड भी स्थापित किए जा जिससे सामान्य रोगियों को वहीं उपचार देकर ड्रिप आदि चढ़ाई जा सके। चिश्ती ने बताया कि उर्स के दौरान आने वाले जायरीन के लिए जिला प्रशासन ने 10 एमएलडी पानी उपलब्ध कराने की योजना बनाई है जिसमें 5 एमएलडी कायड़ विश्रामस्थली व 5 एमएलडी दरगाह क्षेत्र में उपलब्ध होगा। उन्होंने बताया कि दरगाह क्षेत्र में 5 एमएलडी पानी से पूर्ति नहीं हो सकेगी।