
अजमेर. विधायक उत्तर वासुदेव देवनानी ने लोहागल क्षेत्र की जलापूर्ति व्यवस्था को सुधारने के लिए राज्य सरकार पर गंभीरता नहीं बरतने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विधान सभा में पूछे गए एक अतारांकित प्रश्न के जवाब में सरकार ने लोहागल में नारी निकेतन के पास स्थित उच्च जलाशय व उपरली मोड ढाणी में स्थित भू-तल जलाशयों की भण्डारण क्षमता को क्षेत्र में 72 घण्टें के अन्तराल से पेयजल आपूर्ति के लिए पर्याप्त बताया है, जबकि वास्तविकता इसकी उलटी है।
देवनानी ने कहा कि लोहागल क्षेत्र में पेयजल किल्लत व्याप्त है। क्षेत्रवासी उन्हें अपर्याप्त व 4-5 दिन के अन्तराल से जलापूर्ति प्राप्त होने की शिकायत देते है। इस पर जलदाय विभाग के अधिकारियों ने बताया कि लोहागल स्थित जलाशयों में भण्डारण क्षमता कम होने से टंकियों को 2 या 3 बार भरने पर क्षेत्र में जलापूर्ति हो पाती है, जिससे अन्तराल बढ़ जाता है तथा पर्याप्त मात्रा में भी पेयजल आपूर्ति सम्भव नहीं हो पाती है।
उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के समय लोहागल क्षेत्र के लिए 350 लाख की पेयजल योजना स्वीकृत हुई थी जिससे फ रवरी 2017 से क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति प्रारम्भ की गई। उक्त योजना के द्वितीय चरण के अन्तर्गत क्षेत्र में पर्याप्त भण्डारण क्षमता की टंकी का निर्माण कराए जाने की अपेक्षा वर्तमान सरकार से है, परन्तु सरकार की मंशा नहीं है कि अजमेर शहर के पैराफेरी में स्थित उक्त क्षेत्र की जनता को पर्याप्त पानी मिल सके। इसी मंशा के चलते सरकार ने विधान सभा में घुमा-फि राकर तथ्य प्रस्तुत किए कि लोहागल की वर्तमान योजना आगामी वर्ष 2041 की अभिकल्पित पेयजल मांग की आपूर्ति करने में भी पर्याप्त है।
देवनानी ने इस सम्बंध में जलदाय मंत्री से मांग की है कि वे विभाग की ओर से प्रस्तुत झूठे आंकड़ों की बजाय क्षेत्र में सर्वे कराए तथा वहां की पेयजल आपूर्ति व्यवस्था में सुधार हेतु पर्याप्त क्षमता की नई टंकी का निर्माण करवाए।
Published on:
18 Feb 2020 09:53 pm

बड़ी खबरें
View Allअजमेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
