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नदारद हुआ अजमेर बस स्टैंड का ‘बड़ौदा मॉडलÓ

- स्मार्टसिटी के तहत 20 करोड़ खर्च होने थे अजमेर बस स्टैंड भवन के निर्माण पर - स्मार्टसिटी अभियंता ने बस स्टैंड के बजाय कलक्ट्रेट भवन निर्माण के दी प्राथमिकता कंसलटेंट नियुक्त लेकिन डीपीआर तैयार नहीं हो सकी

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Ajmer bus stand

Ajmer bus stand

अजमेर. स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत अजमेर का केन्द्रीय बस स्टैंड गुजरात के बड़ौदा मॉडल पर स्मार्ट व यात्री सुविधाओं युक्त आधुनिक बनाए जाने के सपने दिखाए गए लेकिन यह मूर्तरूप लेता नजर नहीं आ रहा। इसके लिए राजस्थान पथ परिवहन निगम ने पिछले साल फरवरी में तैयारी भी शुरू कर दी थी। स्मार्ट सिटी की सहमति मिलने पर परिवहन निगम ने इसके लिए कंसलटेंट नियुक्त कर दिया। लेकिन न तो कंसलटेंट की रिपोर्ट आई और न डीपीआर ही तैयार हुई। बस स्टैंड के निर्माणर पर 20 करोड़ रुपए खर्च होने थे। रोडवेज व स्मार्ट सिटी के अधिकारी भी कई बार बस स्टैंड का दौरा कर चुके थे। स्मार्ट सिटी के अभियंताओं ने बस स्टैंड निर्माण के स्थान पर कलक्ट्रेट बिल्डिंग निर्माण को प्राथमिकता दी।

रोडवेज के अनुसार होना था निर्माण

पूर्व में बस स्टैंड का निर्माण स्मार्ट सिटी के तहत पीपीपी मॉडल पर होना था इसके लिए कंसलटेंट नियुक्त की कवायद भी हुई थी लेकिन बाद में रोडवेज अधिकारियों और स्मार्ट सिटी के अधिकारियों के बीच सहमति बनने के बाद इसे रोडवेज के अनुसार ही बनाने का निर्णय किया गया। पूर्व में बस स्टैंड को बस अड्डा प्राधिकरण के रूप में विकसित किए जाने की योजना थी। इसके बार रोडवेज अधिकारियों ने रोडवेज की जमीन को रोडवेज के नाम दर्ज करवाया लेकिन बाद में मामला ठंडे बस्ते में चला गया।
यात्री सुविधाओं में बढोतरी नहीं

बड़ौदा मॉडल पर बनने वाले बस स्टैंड पर यात्री सुविधाओं में बढ़ोतरी होने की बात कही गई थी। एसी वेटिंग एवं रेस्ट रूम, यात्रियों के रेस्टोरंट, कॉफीशॉप की सुविधा, मनोरंजन के लिए बड़ एलईडी टीवी, यात्रियों के लिए आधुनिक शौचालय, रोडवेज के चालकों व परिचालकों के लिए रेस्ट रूम, बस वेज, रोडवेज वर्कशाप स्मार्ट होने, बस स्टैंड परिसर में यात्रियों के लिए मल्टी स्टोरी पार्किग के दावे किए गए थे।
जर्जर हो रहा भवन

रोडवेज कार्यालय भवन जर्जर अवस्था में है। आए दिन छतों से प्लास्टर गिरता रहता है। छतों से सरिए बाहर निकल रहे हैं। प्रवेश द्वारा का छज्जा टूट कर गिर चुका है। प्लेटफार्म की चद्दरें भी टूटी हुई हैं। बरसात में पानी टपकता है। शौचालय भी बदहाल हैं।
फैक्ट फाइल

अजमेर के केन्द्रीय बस स्टैंड से प्रतिदिन पुष्कर व किशनगढ़ सहित 1200 शिड्यूल संचालित किए जाते हैं। करीब 30 हजार यात्रियों का प्रतिदिन आवागमन होता है। राजस्थान रूट के अलावा अजमेर से जयपुर-दिल्ली, हरियाणा, उत्तराखंड, एमपी, यूपी, गुजरात के लिए बसों का संचालन किया जाता है। पंजाब, हरियाणा, यूपी, गुजरात, उत्तराखंड की रोडवेज बसें भी अजमेर से संचालित होती हैं। अजमेर व अजयमेरू डिपो की करीब 200 बसों का संचालन किया जाता है।

(इस बारे में जानकारी चाहने पर अजमेर स्मार्ट सिटी के अतिरिक्त मुख्य अभियंता अविनाश शर्मा ने फोन नहीं उठाया)

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