3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

खतरे के बीच डेजर्ट सफारी, बिना रजिस्ट्रेशन के दौड़ा रहे वाहन

प्रदेश के पुष्कर, नागौर, बीकानेर और अन्य जिलों की स्थिति, कार चालकों, डेजर्ट सफारी संचालकों की बढ़ने लगी आय, रेतीले धोरों में पर्यटन की संभावनाएं

less than 1 minute read
Google source verification
खतरे के बीच डेजर्ट सफारी, बिना रजिस्ट्रेशन के दौड़ा रहे वाहन

खतरे के बीच डेजर्ट सफारी, बिना रजिस्ट्रेशन के दौड़ा रहे वाहन

अजमेर/पुष्कर. पुष्कर सहित प्रदेश के बीकानेर, जोधपुर, जैसलमेर सहित अन्य जिलों में रेतीले धोरों में डेजर्ट सफारी वाहन बिना रजिस्ट्रेशन के दौड़ रहे हैं। इनमें पर्यटकों के बढ़ते रुझान के चलते वाहनों की संख्या भी तेजी से बढ़ गई है लेकिन खतरे से बचाव एवं सुरक्षा के मापदंड को दरकिनार करने से हादसे होने की आशंका बनी रहती है।

प्रदेश के रेगिस्तानी क्षेत्र के पर्यटन स्थलों एवं ऐतिहासिक स्थलों के आसपास पर्यटकों की आवाजाही सालभर बनी रहती है। इन पर्यटकों को रेत के धोरों के बीच सैर कराने एवं फोटोग्राफी, सेल्फी पॉइंट तक ले जाने के लिए डेजर्ट सफारी वाहन बड़ी संख्या में लगे हुए हैं। डेजर्ट सफारी वाहनों को मॉडिफाइड करके बनाने के दौरान कई सुरक्षा मानकों को भी नजरअंदाज किया गया है। वहीं बिना परमिट व रजिस्ट्रेशन के दौड़ रहे हैं।

कहां, कितने वाहन, दुर्घटनाएं (डेजर्ट सफारी)

पुष्कर (अजमेर) : करीब 60 डेजर्ट सफारी वाहन हैं। यहां तीन माह पूर्व एक वाहन पलट गया, 9 पर्यटक घाटल हो गए। यहां प्रतिदिन 500 से अधिक पर्यटक आते हैं। वाहनों का रजिस्ट्रेशन नहीं है।

ओसियां (जोधपुर) : डेजर्ट सफारी के लिए करीब 15 वाहन। रजिस्ट्रेशन किसी का नहीं है। अभी तक कोई दुर्घटना नहीं हुई है। बचाव व सुरक्षा की कोई व्यवस्था नहीं है। सीजन में 200 से 300 पर्यटक आते हैं।खींवसर( नागौर) : खींवसर फोर्ट के पास अपनी ही प्रोपर्टी में डेजर्ट सफारी कराई जाती है। यहां कोई दुर्घटना अभी तक नहीं हुई है। यहां 50 से 100 पर्यटक प्रतिदिन आते हैं।

इनका कहना है

पर्यटन विभाग की ओर से पुष्कर में एक एजेन्सी को पर्यटकों को केमल सफारी सहित सभी प्रकार की होटल बुकिंग कराने, गाइड की व्यवस्था करने सहित सभी कानूनी अधिकार दिए गए है।

प्रद्युम्न देथा, पर्यटन अधिकारी