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हाइवे पर ‘एंट्री’ का खेल बेनकाब : ACB की कार्रवाई से परिवहन विभाग–दलाल का गठजोड़ उजागर

अजमेर सहित 6 शहरों में 12 टीमों की एकसाथ दबिश, 13 जने डिटेन, लाखों के लेन-देन के सबूत मिले

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अजमेर

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Manish Singh

Jan 09, 2026

हाइवे पर ‘एंट्री’ का खेल बेनकाब : एसीबी की कार्रवाई से परिवहन विभाग–दलाल का गठजोड़ उजागर

ब्यावर जिला परिवहन कार्यालय में कार्रवाई करती एसीबी की टीम। पत्रिका

अजमेर/ब्यावर(Ajmer News). भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो(एसीबी) ने प्रदेश में हाइवे पर दौड़ते परिवहन वाहनों से अवैध वसूली के संगठित रैकेट का भंडाफोड़ किया है। परिवहन विभाग के अधिकारियों, कर्मचारी व दलालों की मिलीभगत से होटल–ढाबों व डिजिटल पेमेंट के जरिए प्रति वाहन 600 से एक हजार रुपए तक की अवैध वसूली की जा रही थी। गोपनीय सत्यापन के बाद एसीबी टीम ने अजमेर समेत 6 शहरों में एकसाथ कार्रवाई कर 13 लोगों को डिटेन किया है।

हाइवे पर वसूली का संगठित नेटवर्क

एसीबी महानिदेशक गोविन्द गुप्ता के अनुसार अजमेर और ब्यावर जिले में ब्यावर, नसीराबाद, विजयनगर, केकड़ी, किशनगढ़, अजमेर क्षेत्र में परिवहन विभाग के उड़न दस्ते निजी दलालों के माध्यम से वाहनों से अवैध एन्ट्री वसूली जा रही थी। कमी निकालने, ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई नहीं करने और वाहन जब्त न करने की एवज में धडल्ले से रिश्वत ली जाती थी।

होटल–ढाबों और डिजिटल पेमेंट से चलता था खेल

एसीबी की जांच में सामने आया कि होटल शेर ए पंजाब(ब्यावर), होटल RJ-01 व नसीराबाद में जगदम्बा टी स्टॉल के जरिए नकद व पेटीएम के जरिए पैसे वसूले जाते थे। दलाल कोड वर्ड में आरटीओ उड़नदस्तों को वाहन नंबर भेजते थे, जिससे बिना रोक-टोक वाहन पास हो सकें।

कॉल सेंटर जैसी व्यवस्था

दलालों ने सैकड़ों मोबाइल फोन का इस्तेमाल कर कॉल सेंटर जैसी व्यवस्था बना ली। वाहन चालकों से ‘एंट्री’ मिलने के बाद संबंधित टीम को तुरंत सूचना भेजी जाती थी।

13 लोग डिटेन, अहम बरामदगी

एसीबी की 12 टीमों ने आकस्मिक तलाशी में 1.16 लाख रुपए की नकदी, 19 मोबाइल फोन, 4 सीसीटीवी डीवीआर और 12 संदिग्ध डायरियां बरामद कीं। इनमें लाखों रुपए के लेन-देन और डिजिटल भुगतान का रिकॉर्ड मिला। डिटेन किए गए लोगों में परिवहन निरीक्षक जल सिंह, निजी सहायक प्रदीप जोधा, दलाल विक्रमसिंह पिपरोली व संजय यादव, ढाबा संचालक बुधे सिंह, महेन्द्र कुमार, सुनील कुमार और परिवहन विभाग के संविदा गार्ड लक्ष्मण काठात, गुलाब काठात एवं संदिग्ध रामूराम, मनोहर गांधी, बुद्विप्रकाश प्रजापत व कृष्णासिंह समेत 13 जनों को कार्रवाई के लिए डिटेन किया है। इनसे 1 लाख 16 हजार 700 रूपए की संदिग्ध राशि, 19 मोबाइल, 4 सीसीटीवी डीवीआर, 12 संदिग्ध डायरी में लाखों रुपए का हिसाब किताब एवं हजारों रुपयों का डिजिटल भुगतान का रिकॉर्ड मिला है।

अब भी कार्रवाई जारी

डीजी गुप्ता ने बताया कि अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव व महानिरीक्षक सत्येन्द्र कुमार के निर्देशन में पूछताछ और आगे की कार्रवाई जारी है। मामले में और बड़े खुलासों की संभावना जताई जा रही है।

देर रात तक चलती रही कार्रवाई

ब्यावर. एसीबी की गुरुवार को अजमेर-ब्यावर जिले में सर्च अभियान में परिवहन विभाग में हड़कम्प मच गया। जयपुर से आई एसीबी की अलग-अलग टीमों ने एक साथ दबिश दी। ब्यावर जिला परिवहन कार्यालय में कार्यरत परिवहन निरीक्षक जलसिंह से बिजयनगर थाने में पूछताछ की गई। कार्रवाई देर रात तक चलती रही। परिवहन निरीक्षकों व उनसे जुड़े लोगों की चल-अचल संपत्तियों का भी सर्वे किया जा रहा है। कुछ दलाल के भूमिगत होने की बात भी सामने आई है। जिनके बारे में एसीबी टीम जानकारी जुटा रही है।

शिकायत पर कार्रवाई

सूत्रों के अनुसार कार्रवाई ट्रक चालकों की शिकायत पर एसीबी ने कार्रवाई की। एसीबी देर रात तक ब्यावर जिला परिहवन कार्यालय में दस्तावेज खंगालने में जुटी थी। कार्रवाई में एसीबी की इंटेलिजेंस यूनिट से एएसपी हिमांशु, कुलदीप और संदीप सारस्वत सर्च अभियान में शामिल रहे।