
आरोपी विष्णु सिंह और जगन गुर्जर की फाइल फोटो: पत्रिका
Dacoit Jagan Gurjar Murder Case Update: अजमेर के हाई सिक्योरिटी जेल में दस्यु जगन गुर्जर की हत्या के आरोपी विष्णु सिंह जाट उर्फ बौना को सुरक्षा के मद्देनजर एकांत सेल में रखा गया है। वहीं जेल प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव करते हुए हार्डकोर बंदियों के लिए सिंगल सेल व्यवस्था लागू कर दी है। दूसरी ओर सिविल लाइंस थाना पुलिस हत्याकांड की जांच को आगे बढ़ाते हुए वार्ड संख्या-2 के ब्लॉक-4 में बंद हार्डकोर बंदियों से पूछताछ की तैयारी में जुटी है।
सूत्रों के अनुसार जगन गुर्जर हत्याकांड के आरोपी विष्णु को हाई सिक्योरिटी जेल में अलग और सुरक्षित सेल में रखा गया है। जेल प्रशासन किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर रखे हुए है।
जगन की हत्या के बाद जेल प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए अब हार्डकोर बंदियों को अलग-अलग सिंगल सेल में रखने का निर्णय किया है। इसका उद्देश्य भविष्य में इस तरह की किसी भी घटना की पुनरावृत्ति रोकना और जेल के भीतर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाना है।
सिविल लाइंस थाना पुलिस अब हत्याकांड की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। जांच में वार्ड 2 के ब्लॉक-4 में बंद अन्य हार्डकोर बंदियों से पूछताछ की जाएगी। पुलिस को आशंका है कि आरोपी विष्णु के साथ कथित रूप से जुड़े कुछ अहम तथ्य पूछताछ के दौरान सामने आ सकते हैं। वहीं पप्पू गुर्जर को वार्ड के ब्लॉक-1 में रखा गया था। पुलिस पप्पू से भी पूछताछ करेगी। अधिकारियों का मानना है कि पूछताछ से वारदात के पीछे की साजिश, बंदियों के आपसी संबंध, घटना से पहले हुई बातचीत और हत्या के संभावित कारणों को लेकर महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं।
सिविल लाइंस थाना प्रभारी शंभूसिंह ने हार्डकोर बंदियों से पूछताछ की अनुमति के लिए न्यायालय में प्रार्थना पत्र पेश किया है। कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद पुलिस बंदियों से पूछताछ करेगी। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान जगन गुर्जर और विष्णु सिंह के बीच चली आ रही रंजिश तथा वारदात से जुड़े महत्वपूर्ण सुराग मिल सकते हैं। इसके अलावा पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास करेगी कि वारदात की साजिश किन परिस्थितियों में बनी इसमें और कौन-कौन लोग शामिल थे।
Updated on:
06 Jul 2026 07:06 am
Published on:
06 Jul 2026 07:06 am
