18 मार्च 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

#changemaker : आधी आबादी चाहे तो बदल सकती है घर की तरह राजनीति का नक्शा , बस जरूरत है इन्हें मौका देने की

हर परिस्थिति में महिला घर को ही नहीं देश को भी बेहतर चला सकती है। महिलाओं ने मनरेगा में बेहतर काम कर एक मिसाल पेश की।

3 min read
Google source verification
ladies decide to take action in patrika changemaker campaign

#changemaker : आधी आबादी चाहे तो बदल सकती है घर की तरह राजनीति का नक्शा , बस जरूरत है इन्हें मौका देने की

ब्यावर. हर परिस्थिति में महिला घर को ही नहीं देश को भी बेहतर चला सकती है। महिलाओं ने मनरेगा में बेहतर काम कर एक मिसाल पेश की। पंचायतीराज में अपनी अमिट पहचान कायम की है तो शहर के विकास में आधी आबादी ने निर्णायक पहल की है। अब विधानसभा व संसद में महिलाओं की भागीदारी बढ़े। इसके लिए महिलाओं को जागरूक होकर आगे आना होगा, ताकि देश दुनिया के पटल पर अपनी अद्वितीय पहचान कायम कर सके। चेंजमेकर अभियान के तहत गुरुवार को जवाजा स्थित पंचायत समिति के सभागार में बैठक का आयोजन किया गया। इसमें पंचायत समिति क्षेत्र के विविध ग्राम पंचायतों की आधी आबादी जुटी।

महिलाओं ने खुलकर अपने मन की बात कहीं। महिलाओं का कहना था कि महिला अगर घर को बेहतर तरीके से चला सकती है, खेती में अपना हाथ बटा सकती है, मजदूरी करने में कंधे से कंधा मिलाकर काम कर सकती है तो राजनीति में भी बेहतरीन तरीके से काम कर सकती है। महिलाओं का कहना था कि पंचायत राज व निकाय तक महिलाएंं राजनीति में आगे आई हंै। विधानसभा व संसद तक पहुंचने में महिलाओं की संख्या कम है। इनकी संख्या बढऩी चाहिए। विकास की योजनाओं व विधान निर्माण में महिलाओं की जितनी भागीदारी बढ़ेगी, उतना परिवार, समाज व देश सुदृढ़ होगा। इस मौके पर सुशीला बाई ने सभी महिलाओं को स्वच्छ करें राजनीति महाअभियान के तहत शपथ दिलाई।

इन्होंने की शिरकत
सुशीलाबाई, प्रधान गायत्री रावत, पंचायत समिति सदस्य संतोष रावत, मधुबाला पंवार, तारा चौहान, लीलादेवी सहित अन्य ने विचार रखे। कार्यक्रम में महिला महासंघ की उषा चौहान, कलातखेड़ा की नैनी, सांगरवस नैनी, मालपुरा की कंकू, भूरियाखेड़ा कल्ला सीता, संतोष, करमा, बड़कोचरा निवासी संतोष देवी, कवरीदेवी, सुशीलादेवी, बदामीदेवी, शांति बाई सहित अन्य शामिल हुई।


व्यवस्था में सुधार उच्च स्तर से होना चाहिए। महिला मनरेगा में बेहतर तरीके से काम कर रही है। देश के विकास में बराबर भागीदार बन सकते है। महिलाएं ईमानदारी से काम करती है। महिला जनप्रतिनिधियों को अपने पति या परिवार के अन्य सदस्य पर आश्रित नहीं रहना चाहिए।

सुशीला बाई
राजनीति में महिलाएं आगे आई है। महिलाओं को अपने कत्र्तव्यों के प्रति सजग रहना होगा। जहां अपनी जिम्मेदारी है, वहां पारदर्शी तरीके से काम करना चाहिए, ताकि किसी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़े। अन्य महिलाओं को आगे आने की प्रेरणा मिले।

गायत्री रावत, प्रधान, पंचायत समिति जवाजा
पंचायत से लेकर विधानसभा तक महिलाओं की बराबर की भागीदारी होनी चाहिए। महिलाओं के लिए आगे आने के लिए यह कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन होता रहना चाहिए।

संतोष रावत, पंचायत समिति सदस्य
पंचायत चुनाव में जिस प्रकार महिलाओं की भागीदारी निश्चित कर रखी है। उसी प्रकार विधानसभा चुनावों में महिलाओं की भागीदारी निर्धारित होनी चाहिए। महिलाओं के विकास में परिवार के सदस्यों को पूरा सहयोग करना चाहिए।

मधुबाला पंवार, अध्यक्ष, शिक्षा समिति, पंचायत समिति जवाजा

राजनीति में भागीदारी के लिए महिलाएं आगे आएं


ब्यावर. राजस्थान पत्रिका के चेंजमेकर अभियान के तहत गुरुवार को स्वच्छ राजनीति को लेकर महिलाओं ने अपने मन की बात साझा की। महिलाओं का कहना था कि राजनीति में भ्रष्टाचार का सबसे अधिक बोलबाला है। पहले राजनेता देश सेवा का जज्जा लिए राजनीति में आते हैं लेकिन आज राजनेताओं ने इसे व्यवसाय बना लिया है। राजनीति के नाम पर खूब पैसा ऐंठ रहे हैं। अब युवाओं व महिलाओं को राजनीति में भागीदारी करने के लिए आगे आना होगा। स्वच्छ राजनीति व देश के विकास के लिए नई पीढ़ी को अपने वोट की कीमत पहचाननी होगी, तभी देश का विकास व देश में स्वच्छ राजनीति हो सकेगी। यह बात गुरुवार को राजस्थान पत्रिका की ओर से प्रताप नगर में आयोजित चेंजमेकर अभियान के तहत महिलाओं ने कही। अपने मन में देश की राजनीति को स्वच्छ करने को लेकर मन में कई बातों को छिपाए महिलाओं ने खुलकर चर्चा की। मंजूदेवी ने कहा कि देश से भ्रष्टाचार मिटाने के लिए सभी को कंधे से कंधा मिलाकर आगे आना होगा। वोट की कीमत जब तक वोटर नहीं पहचानेगा तब तक देश का विकास संभव नहीं है। वोट लेने के बाद राजनेता नजर नहीं आते। वोट सोच समझकर उसे ही देना होगा जो वोटर का हित समझे। गीता गुरनानी ने कहा कि महिलाओं को राजनीति में सक्रियता दिखानी होगी। जब तक एक मंच पर आकर अपने अधिकारों के लिए आगे नहीं आएंगे तब तक राजनेता इसी प्रकार शोषण करेंगे। अभियान में आई महिलाओं का कहना था कि जब तक देश की तरफ स्वच्छ मानसिकता व देश सेवा की भावना मन में लिए नई पीढ़ी के लोग राजनीति में नहीं आएंगे तक तक स्वच्छ राजनीति की परिकल्पना नहीं की जा सकती। इस मौके पर सोनू शर्मा, सीमा तिवाड़ी, प्रेमलता कोठारी, सुशीला साहू, मंजू चौहान, संगीता बोहरा, तमन्ना साहू, कविता कोठारी, सायरी गुर्जर, नीता लोंगानी, संगीता बोहरा, शांतिदेवी, डिम्पल प्रजापत, खुशबू कोठारी सहित कई महिलाएं मौजूद थे। कार्यक्रम में शपथ सोनू शर्मा ने दिलवाई।