5 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Mission Admission: देना होगा आर्थिक पिछड़े वर्ग को रिजर्वेशन, वरना बढ़ेगी मुसीबत

अब उच्च शिक्षा विभाग को सत्र 2019-20 की प्रवेश प्रक्रिया में आरक्षण प्रावधान रखना होगा।
less than 1 minute read
Google source verification
reservation policy

reservation policy

अजमेर.

कॉलेज सहित महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय को आर्थिक पिछड़े वर्ग के विद्यार्थियों को प्रवेश के दौरान आरक्षण देना होगा। केंद्र और राज्य सरकार इसकी अधिसूचना जारी कर चुकी है। अब उच्च शिक्षा विभाग को सत्र 2019-20 की प्रवेश प्रक्रिया में आरक्षण प्रावधान रखना होगा।

विश्वविद्यालय में इतिहास, राजनीति विज्ञान, अर्थशास्त्र, जनसंख्या अध्ययन, रिमोट सेंसिंग, पर्यावरण विज्ञान, कम्प्यूटर, प्योर एन्ड एप्लाइड केमिस्ट्री, कॉमर्स, पत्रकारिता एवं जनसंचार, पुस्तकालय विज्ञान, योग, खाद्य एवं पोषण, विधि, हिन्दी और अन्य कोर्स संचालित है। सत्र 2019-20 के लिए जून में प्रवेश प्रारंभ होंगे। इसी तरह स्नातक और स्नातकोत्तर कॉलेज में भी विद्यार्थियों के प्रवेश होंगे। इनमें कला, वाणिज्य और विज्ञान संकाय के विभिन्न पाठ्यक्रम शामिल हैं।

लागू हुआ आरक्षण

केंद्र और राज्य सरकार ने आर्थिक पिछड़ा वर्ग (ईडब्ल्यूएस)को आरक्षण दिया है। उच्च, तकनीकी, मेडिकल और अन्य शिक्षण संस्थानों में भी यह लागू होगा। इसके लिए मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने आदेश जारी कर चुका है। लिहाजा महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय और प्रदेश के कॉलेज में भी इस वर्ग के विद्यार्थियों को आरक्षण देना होगा। कॉलेज और विश्वविद्यालय की प्रवेश प्रक्रिया में इसका प्रावधान रखना होगा।

ऑनलाइन भरे जाएंगे फार्म
विभिन्न कोर्स में दाखिलों के लिए विश्वविद्यालय ऑनलाइन फार्म भरवाएगा। डीन छात्र कल्याण और विश्वविद्यालय की प्रवेश समिति प्रवेश कार्यक्रम तैयार करेगी। इसके अलावा कॉलेज के लिए उच्च शिक्षा विभाग प्रवेश नीति बनाने में जुटा है। यह मई के दूसरे पखवाड़े में जारी होगी। इसमें विभिन्न पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए योग्यता, आरक्षण प्रावधान और अन्य बिन्दु शामिल होंगे।