विश्राम स्थली में अस्थायी दुकानें भी लगाई गई हैं। दूरदराज से आए जायरीन ने जुमे की नमाज में शिरकत की।
मोर्हरम के लिए कायड़ विश्राम स्थली पर जायरीन की आवक शुरू हो गई है। करीब 100 से ज्यादा बसों और एक दर्जन निजी वाहनों से जायरीन अजमेर पहुंचे। उधर दरगाह के छतरीगेट सहित लंगरखाना गली और विभिन्न इलाकों में मर्सियाख्वानी और बयान-ए-शहादत का दौर जारी है।
विश्राम स्थली पर साफ-सफाई, पानी-बिजली, चिकित्सा, डेयरी, लाउड स्पीकर और अन्य इंतजाम किए गए हैं। विभिन्न इलाकों से बसों और अन्य वाहनों से जायरीन विश्राम स्थली पहुंच रहे हैं। विश्राम स्थली में अस्थायी दुकानें भी लगाई गई हैं। विश्राम स्थली पर दूरदराज से आए जायरीन ने जुमे की नमाज में शिरकत की।
चौकी के जुलूस से शुरू हुए मोहर्रम के कार्यक्रम
अजमेर. कर्बला में हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में मनो जाने वाले मोहर्रम के सिलसिले में चौकी के जुलूस से कार्यक्रम की शुरुआत हो गई। हिजरी संवत के जिलहिज्ज महीने की 29 तारीख को मोहर्रम की चौकी का जुलूस निकाला गया। ।
खुलेगा बाबा फरीद का चिल्ला
मोहर्रम के दौरान दरगाह स्थित बाबा फरीद का चिल्ला खोला जाएगा। परम्परानुरा चिल्ला साल में एक बार मोहर्रम की चार तारीख को खोला जाता है। इसकी जियारत के लिए देशभर से जायरीन यहां पहुंचेंगे। यह चिल्ला 72 घंटे के लिए खोला जाता है।
तलवारों से खेलेंगे हाईदौस
मोहर्रम की 9 व 10 तारीख को दरगाह क्षेत्र स्थित अंदरकोट में तलवारों से हाईदौस खेलने की परम्परा है। हाईदौस अजमेर के अलावा पाकिस्तान के लाहौर में खेला जाता है। इसके लिए दी पंचायत अंदरकोटियान को जिला प्रशासन से इजाजत लेनी पड़ती है।
यूं चलेंगे कार्यक्रम (चांद के अनुसार)
- चांद रात से 7 मोहर्रम : रात्रि 9.30 से 1 बजे तक छतरी गेट पर मर्सियाख्वानी और बयान-ए-शहादत
- 4 मोहर्रम : हजरत बाबा फरीद गंज शकर का चिल्ला सुबह 4.30 बजे खोला जाएगा। यह तीन दिन खुला रहेगा।
- 5 मोहर्रम : शाम 5 बजे बाद छतरी गेट से अलम का जुलूस रवाना होकर पहुंचेगा इमाम बारगाह।
-6 मोहर्रम : ख्वाजा साहब की महाना छठी की नियाज और लंगर।
- 7 मोहर्रम : शाम 5 बजे से ताजिया शरीफ पर पेश की जाएगी मेहंदी।
- 8 मोहर्रम : दोपहर 3 बजे ताजिया शरीफ को लाया जाएगा निजाम गेट तक। सुबह 4 बजे पहुंचेगा छतरी गेट।
- 9 मोहर्रम : सुबह 10 बजे ताजिया शरीफ की सवारी पहुंचेगी छतरीगेट से इमामबाड़ा।
- 10 मोहर्रम : रात्रि 10 बजे ताजिया शरीफ की सवारी इमामबाड़ा से सोलहखंभा गेट पहुंचेगी। छतरी गेट से जनाजा शरीफ की सवारी शर्की गेट होते हुए मुतवल्ली की हवेली पहुंचेगी। सुबह 5 बजे झालरे में सैराब किया जाएगा ताजिया शरीफ को।
- 11 मोहर्रम : रात्रि 10 से छतरी गेट पर होगा सलातो सलाम।
-12 मोहर्रम : रात्रि 9.30 बजे छतरी गेट पर होगा बयान-ए-शहादत।