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बोले पार्श्वगायक सुखविंदर – ‘नस-नस मेरी खौले, मोदीजी कुछ बोलें ’

’पार्श्वगायक सुखबिंदर सिंह ने कहा- सरकार से मामले में बड़ी कार्रवाई की उम्मीद
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अजमेर

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SMT PREETI BHATT

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Updated: 19 Feb 2019, 2:36 PM IST

 Sukhbinder Singh said: hopes for big action in case of government

बोले पार्श्वगायक सुखविंदर - ‘नस-नस मेरी खौले, मोदीजी कुछ बोलें ’

अजमेर. भारत के लोगों ने पाकिस्तानी कलाकारों को बहुत मान-सम्मान दिया है। उन्होंने यहां से धन भी बहुत कमाया है। उनका भी फर्ज है कि जिस देश में इतना कुछ मिला वहां यदि आतंकी हमला हुआ तो उसकी सार्वजनिक रूप से निंदा करे। यह मानना है पार्श्वगायक सुखबिंदर सिंह ने कहा- सरकार से मामले में बड़ी कार्रवाई की उम्मीदसुखबिंदर सिंह का उन्होंने यह बात सोमवार राजस्थान पत्रिका से खास बातचीत में कही। उन्होंने सरकार से मामले में बड़ी कार्रवाई उम्मीद भी जताई।
सुखबिंदर सिंह ने कहा कि मै कला का सम्मान करता हूं लेकिन गलत को गलत बताना जरूरी है। पुलवामा आतंकी हमले पर पाकिस्तानी कलाकारों की चुप्पी गलत है। अब मजबूरी नहीं हिम्मत जुटानी चाहिए। उन्होंने कहा कि सारे देश को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से उम्मीद है कि वे आतंक के खिलाफ निर्णायक कदम उठाएं। उन्होंने कहा कि नेताओं को चुनाव जीतने का गणित छोडकऱ कश्मीर समस्या का पुख्ता हल कैसे हो इसके लिए कुछ करना चाहिए। नेताओं को अपने बच्चों को फौज में भेजना चाहिए, ताकि लोगों का दर्द पता चले।

दो सौ बच्चों के लिए हाथों-हाथ बनवाया तिरंगा
सुखविंदर ने ब्यावर में हुए एक कार्यक्रम में शहीदों को श्रद्धांजलि देने के लिए दो सौ बच्चों के साथ स्टेज पर प्रस्तुति दी। इसके लिए तिरंगे की पोशाक सिलवाई। अपने 45 मिनिट की प्रस्तुति में आधे घंटे तक देशभक्ति पर ही प्रस्तुति दी।

अच्छा गाना सभी को पसंद
गानों में फूहड़ता के सवाल पर सुखविंदर सिंह ने कहा कि युवाओं के नाम पर गानों में फूहड़ता करना सही नहीं है। आयु के आधार पर गाने सुनने वालों को वर्गों में नहीं बांट सकते है। जो गाना कर्णप्रिय है अर्थ भरा है, उसे सभी वर्गों के लोग सुनेंगे।

सीख रहा हूं शास्त्रीय
सुखविंदर आजकल शास्त्रीय एक शिक्षक के घर जाकर संगीत सीख रहे है। उन्होंने कहा कि शास्त्रीय संगीत भारतीय संगीत की आत्मा है। इससे आवाज और आत्मा दोनो शुद्ध होती है।

बच्चों के प्रति फर्ज निभाए अभिभावक
सुखविंदर सिंह ने कहा कि भारत में बहुत प्रतिभा है। रियलिटी शो में छोटे-छोटे बच्चे बेहतरीन गाते है। लेकिन उनके माता पिता का भी एक फर्ज है कि उन्हें सही दिशा दे और संयम बरतना सिखाए। सारेगामा के साथ उन्हें अन्य विषयों का भी ज्ञान कराए।