
court news :
अजमेर. राजस्व मंडल revenu board के गिरफ्तार सदस्य सुनील शर्मा ने जिस तेजी से रकम जुटाई उसी तरह ताबड़तोड़ Bulk फैसले Verdict भी किए। दो साल के कार्यकाल में अकेले शर्मा ने इतने फैसले कर दिए कि मंडल का कोई दूसरा सदस्य उसकी बराबरी नहीं कर सका। घूसखोरी के चलते गिरफ्तार हुए शर्मा अपने दो साल के कार्यकाल में 2 हजार 262 मामले 'निपटाÓ दिए।
राजस्व मंडल में शर्मा की नियुक्ति 10 अप्रेल 2019 को हुई थी। सदस्य आमतौर पर दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद संतुष्ट होने पर ही फैसले सुनाते हैं। राजस्व मंडल अध्यक्ष द्वारा भी सभी सदस्यों को मंथली सुनवाई और फैसले सुनाने का लक्ष्य दिया जाता है। लेकिन सुनील शर्मा की रफ्तार ऐसी रही कि सब पीछे छूट गए। एसीबी के हत्थे चढ़े दूसरे सदस्य भंवरलाल मेहरड़ा की गति हालांकि धीमी रही लेकिन उसने एक साल से अधिक के कार्यकाल में 452 फैसले कर डाले।
नाग भी कम नहीं
रेवून्यू बोर्ड घूसखोरी कांड में एसीबी की एफआईआर में सदस्य मनोज नाग का भी शामिल है। मामलों का निस्तारण करने में सुनील शर्मा के बाद नाग ने सर्वाधिक फैसले दिए हैं। नाग की नियुक्ति राजस्व मंडल में 7 दिसम्बर 2016 को हुई थी। तब से उसने 2 हजार 151 मामलों में निर्णय दिया है। एसीबी ने राजस्व मंडल में नाग का चैम्बर भी सीज किया था। नाग के चेम्बर से एसीबी ने कम्प्यूटर की हार्ड ***** व चैम्बर से मुकदमों की फाइलें जब्त की हैं।
अन्य सदस्यों का हाल
सदस्य विनीता श्रीवास्तव ने अपने कार्यकाल में अब तक 471 मुकदमों के फैसले किए। उनकी नियुक्ति बोर्ड में 12 फरवरी 2020 को हुई थी। एस.के.बुनकर ने 409 फैसलों में निर्णय दिया। बुनकार की नियुक्ति बोर्ड में 28 फरवरी 2020 को हुई थी। हरि शंकर गोयल ने 10 जून 2019 को नियुक्त होने के बाद से 1179 मुकदमों का निस्तारण किया। सुरेन्द्र कुमार पुरोहित व रवि डांगी ने क्रमश: 425 तथा 246 फैसले किए। दोनों की जनवरी 2020 में नियुक्ति हुई थी। 3 जून 2019 को लगे पंकज नरूका ने 1065 मामलों का निस्तारण किया।
1010 मुकदमों में वकील था दलाल
एसीबी के हत्थे चढ़े दलाल वकील ने राजस्व मंडल में अब तक 1 हजार 10 मुकदमों में पैरवी की है।
Published on:
15 Apr 2021 09:05 pm
बड़ी खबरें
View Allअजमेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
