सुबह 7 बजे तक मौसम सामान्य रहा। सूरज भी नजर आया। करीब 7.50 बजे आसमान धूल से घुल गया। बारीक धूल ने शहर पर कब्जा जमा लिया। लोग मुंह और शरीर को कपड़े से ढांपकर बाहर निकले। धूल के चलते सड़कों और घरों में बारीक मिट्टी जमा हो गई। हालांकि लोगों को गर्मी से राहत मिली।
दो बार आया था चक्रवात
साल 2020 में 18 से 20 मई तक चक्रवाती तूफान अम्फान उठा था। इससे राज्य के कई जिलों में बरसात हुई थी। इसी तरह 2021 में 18 और 19 मई को तौकाते चक्रवात के चलते झमाझम बरसात हुई थी। पिछले साल मई में भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों ने बेहाल किया था।
अंधड़ से तिरछे हुए विद्युत पोल, लाइन पर गिरे पेड़
शहर में रविवार शाम आए अंधड़ और हवाओं से बिजली तंत्र को नुकसान पहुंचा। टाटा पावर के कॉल सेंटर को 9093 उपभोक्ताओं ने शिकायत की। टाटा पावर कॉल सेंटर अजय नगर, इंदिरा कॉलोनी, कोटरा एरिया, खानपूरा, संत कंवर राम, राम नगर, सुंदर नगर, मोची मोहल्ला, नारीशाला, विज्ञान नगर, जयपुर रोड, आदर्श नगर, रामगंज, पंचशील सहित कई इलाकों की आपूर्ति बाधित रही।
बरसात और तेज अंधड़ के चलते खेरखड़ी एरिया, अजय नगर तथा नारीशाला एरिया में ट्रांसफार्मर खराब हो गए। टाटा पावर को इन्हें बदलने में मशक्कत करनी पड़ी। वाटरवर्क्स, नारीशाला, बलदेव नगर, जयपुर रोड पर बिजली के 21 पोल टूटने के अलावा तिरछे हो गए। खानपुरा में पेड़ों की शाखाएं और कई जगह टीन शेड लाइनों पर गिर गए। आकाशीय बिजली के बार-बार गिरने और चमकने से विद्युत आपूर्ति बाधित हुई। शिकायतों के निराकरण के लिए टीम फील्ड में कार्यरत हैं।