
raf
अलीगढ़। ढ़ाई वर्ष की मासूम बालिका की नृशंस हत्या के बाद टप्पल में तनाव है। चार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद भी लोगों का गुस्सा शांत नहीं है। सोशल मीडिया पर चल रहे अभियान टप्पल चलो के आह्वान ने पुलिस प्रशासन के आगे मुश्किलें खड़ी कर दी हैं। इसे लेकर जिला और पुलिस प्रशासन अलर्ट है, तो वहीं तनाव के चलते टप्पल में बाजार भी बंद है।
सीमा की गई सील
ढाई वर्ष की मासूम को न्याय दिलाने के लिये सोशल मीडिया पर बड़ी मुहिम शुरू हुई। 9 जून यानि आज टप्पल चलो आह्वान को लेकर पुलिस प्रशासन अलर्ट है। बड़ी संख्या में आरएएफ व पीएसी तैनात किया गया है, इसके साथ ही आरएएफ के साथ पीएसी द्वारा फ्लैग मार्च भी किया जा रहा है। शांति व्यवस्था कायम रखने के लिये आधा दर्जन बड़े अफसरों की ड्यूटी लगाई गई है। 2 एडीएम और 4 एसडीएम सहित 7 अफसरों को तत्काल प्रभाव से तैनात किया गया है। सीमा को सील कर दिया गया है।
ये है दिल दहला देने वाली पूरी घटना
थाना टप्पल के अंतर्गत बूढ़ा गांव में ढाई साल की ट्विंकल शर्मा पुत्री बनवारी लाल शर्मा 30 मई, 2019 को घर के बाहर से खेलते हुए लापता होती है। 31 मई को ट्विंकल की गुमशुदगी की रिपोर्ट थाना टप्पल में दर्ज कराई गई। दो जून की सुबह ट्विंकल का शव आरोपी जाहिद के घर के पास कूड़े के ढेर में सफाई कर्मचारी को दिखाई दिया। कपड़े की गठरी को कुत्ते खींच रहे थे। उसने पुलिस को जानकारी दी। कपड़े की गठरी खोलकर देखी गई तो उसमें ट्विंकल का क्षत-विक्षत शव मिला। यह देख परिजनों के होश उड़ गये। बच्ची की ऐसी हालत ने सभी को झकझौर कर रख दिया।
चार आरोपी गिरफ्तार
महज 10 हजार रुपये के लिये ढाई साल की मासूम बच्ची को दर्दनाक मौत दी गई। दरिंदों ने बच्ची की आंखें निकाल लीं। सीधा हाथ जड़ से उखाड़ दिया और गला घोंटकर उसे मौत की नींद सुला दिया। पुलिस ने इस मामले के चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में लापरवाही बरतने वाले थाना प्रभारी समेत पांच पुलिस वालों को अभी तक निलंबित किया जा चुका है, लेकिन देश का गुस्सा शांत नहीं है। सोशल मीडिया पर #justiceforTwinkle जस्टिस फॉर ट्विंकल अभियान चलाया जा रहा है।
Published on:
9 Jun 2019, 11:49 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.