Aligarh news: एडीए के रिहायशी फ्लैटों पर चल रहा है, कॉमर्शियल हॉस्पिटल विभाग है बेखबर, क्या होगी ऐसे हॉस्पिटलों पर कार्यवाही।
एडीए के रिहायशी फ्लैटों में प्राइवेट हॉस्पिटल संचालित हो रहे हैं। जो कि एडीए के मानकों के अनुसार नहीं है। ऐसा ही एक मामला शिकायतकर्ता ने आईजीआरएस के द्वारा विभाग को अवगत कराया कि एडीए के रिहायशी फ्लैटों में प्राइवेट कमर्शियल हॉस्पिटल संचालित है। जब इस हॉस्पिटल इस जानकारी के संदर्भ में शिकायतकर्ता से बात की गई तो शिकायतकर्ता ने बताया कि आइजीआरएस के द्वारा विभाग को सूचित कराया गया था, कि एडीए के रिहायशी फ्लैटों में हॉस्पिटल संचालित है। एडीए से हॉस्पिटल को नोटिस भेजकर जवाब मांगने की बात सामने आई है।
क्या बोले एडीए अधिकारी
एडीए सचिव अंजुम बी ने बताया कि एडीए की गाइडलाइन के अनुसार किसी भी एडीए के रिहायशी फ्लैटों को कमर्शियल तरीके से इस्तेमाल नहीं किया जा सकता रीसेल होने के बाद भी खरीदने वाला भी कॉमर्शियल तरीके से रिहायशी जगहों को इस्तेमाल नहीं कर सकता, आईजीआरएस के माध्यम से जो मामला कमर्शियल हॉस्पिटल का संज्ञान में आया है उसके खिलाफ विभाग के द्वारा संज्ञान लेकर जल्द कार्रवाई की जाएगी।
क्या बोले हॉस्पिटल संचालक
हॉस्पिटल का कहना था कि हॉस्पिटल चलाने के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी से अनुमति ली जाती है। इसमें डीडीए का कोई रोल नहीं हॉस्पिटल संचालक ने बताया कि एडीए के द्वारा 500 नोटिस जिले में जारी किए हैं। यदि ए डी ए उन पर कार्यवाही करेगा तो हमारे ऊपर भी कार्यवाही होगी, एडीए से हमारे पास भी नोटिस आया था हमने उसका जवाब एडीए को दे दिया है। वह उससे संतुष्ट हैं अब यह देखने वाली बात होगी कि क्या ए डी ए अधिकारी जिले में चल रहे रिहायशी जगहों पर कॉमर्शियल हॉस्पिटलों के खिलाफ किस तरह से कार्रवाई करते नजर आते हैं।