Chain Pulling in Trains: बिना किसी खास वजह के, मनमर्जी ट्रेनों को कहीं भी रोक देने का सिलसिला काफी समय से चलता आ रहा है। जहां ये सिलसिला बढ़ रहा है वहीं रेलवे ने अच्छा खासा जुर्माना वसूलना शुरु कर दिया है।
उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज, आगरा और झांसी मंडल में तो चेन पुलिंग कर ट्रेन रोकने के आंकड़े लगातार बढ़ते जा रहे हैं। रेलवे के जागरूकता अभियान और धरपकड़ का अभी तक कोई खास असर नहीं हो रहा है। रेलवे सुरक्षा बल ने दो दिनों में जबरन ट्रेन रोके जाने का आंकड़ा पेश किया तो अफसरों के कान खड़े हो गए।
दरअसल, बेवजह ट्रेन रोकने से ट्रेनों की टाइमिंग पर असर पड़ता है और लेटलतीफी बढ़ जाती है। आरपीएफ ने उत्तर मध्य रेलवे के तीनों मंडलों में दो दिनों तक चेन पुलिंग पर सख्त कार्रवाई की तो छह सौ लोगों को पकड़ा जा सका। इनसे एक लाख 29 हजार रुपये जुर्माना भी वसूला गया। कुल मिलकर दो दिनों में तीनों मंडलों में छह सौ बार ट्रेनों को बिना किसी वजह से रोका गया। रेलवे अफसरों की टेबल पर पहुंचे इस मामले पर अब मंथन शुरू हो गया है।
चेन पुलिंग कर ट्रेनों को रोकने के प्रयागराज मंडल में 318, आगरा मंडल में 165 और झांसी मंडल में 117 मामले सामने आए हैं। प्रयागराज मंडल में यह मामले ज्यादा हैं। सबसे ज्यादा चेन पुलिंग की घटनाएं प्रयागराज जंक्शन और कानपुर सेंट्रल पर आई हैं।