बहरोड़. खोहरी निवासी संजय उर्फ मुन्ना की 7 मार्च को गांव के हनुमान मंदिर के पास गोली मारकर हत्या करने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए नशा मुक्ति केन्द्र संचालक को गिरफ्तार किया है।
डीएसपी राव आनन्द ने बताया कि संजय उर्फ मुन्ना खोहरी की हत्या की पूरी कहानी नारनौल रोड पर स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र पर बदमाशों ने घटना से दो दिन पहले बैठकर रची थी। मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कस्बे के सबलपुरा मोहल्ला निवासी सुनील सैनी उर्फ हाथी पुत्र जयसिंह को गिरफ्तार किया है।
थानाधिकारी विरेंद्रपाल सिंह ने बताया कि संजय उर्फ मुन्ना खोहरी हत्या मामले में गिरफ्तार किया गया नशा मुक्ति केंद्र संचालक बदमाशों को अपने नशा मुक्ति केंद्र में संरक्षण देता था और यहीं पर उन्हें रोकता था।
संजय उर्फ मुन्ना खोहरी की हत्या के दो दिन पहले बदमाश अजय खोहरी, हमींदपुर निवासी सन्दीप उर्फ बचिया व बेगपुर अटेली मंडी हरियाणा निवासी रविंद्र उर्फ रवि उर्फ बुचिया ने नशा मुक्ति केंद्र पर बैठ कर योजना बनाई थी। वहीं बदमाश रविन्द्र उर्फ रवि उर्फ बुचिया घटना से दो दिन पहले तक नशा मुक्ति केंद्र में ही रुका हुआ था।
देता था आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों को शरण :
संजय उर्फ मुन्ना खोहरी हत्या मामले में गिरफ्तार किए गए नशा मुक्ति केंद्र संचालक सुनील सैनी उर्फ हाथी आपराधिक प्रवृति के लोगों व बदमाशों को शरण देता था। जहां पर रुककर बदमाश विभिन्न आपराधिक घटनाओं की योजना बनाते थे।
पहले हो चुकी है एक नशा मुक्ति केन्द्र संचालक की हत्या
कस्बे के नारनौल रोड पर संचालित एक नशा मुक्ति केन्द्र पर दो वर्ष पूर्व नारनौल निवासी एक व्यक्ति की नशा मुक्ति केन्द्र में ईलाज के लिए लाए हुए एक युवक ने हत्या कर दी थी। लेकिन उसके बाद भी कस्बे में गली गली में संचालित हो रहे नशा मुक्ति केंद्रो की जांच को लेकर पुलिस व प्रशासन कतई गंभीर नहीं है।