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अलवर के कौनसे क्षेत्र हुए अलग, कितना बचा जिला

अलवर जिले को तीन भागों में बांट राज्य सरकार ने खैरथल- तिजारा व कोटपूतली- बहरोड़ नए जिले बना दिए। नए जिले बनने से अलवर जिले का क्षेत्र आधा रह गया। जानिए अलवर में कौन- कौन से क्षेत्र बचे। नए जिलों को क्या मिला।

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अलवर

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Prem Pathak

Aug 04, 2023

अलवर के कौनसे क्षेत्र हुए अलग, कितना बचा जिला

अलवर के कौनसे क्षेत्र हुए अलग, कितना बचा जिला


अलवर. राज्य सरकार की ओर से घोषित नए जिलों का बहुप्रतिक्षित क्षेत्राधिकार निर्धारण शुक्रवार को तय कर दिया गया। अब खैरथल- तिजारा नाम से नया जिला होगा, पहले सरकार ने खैरथल नाम से नए जिले की घोषणा की थी। वहीं नए जिले कोटपूतली- बहरोड़ का क्षेत्राधिकार भी तय कर दिया है। खास बात यह रही कि कठूमर उपखंड को अलवर जिले में ही यथावत रखा गया है।

मुख्यमंत्री गत बजट सत्र में नए जिलों की घोषणा की थी। इसमें अलवर जिले को तीन भागों में बांट दो नए जिलों का गठन किया गया था। इसमें खैरथल व कोटपूतली- बहरोड़ नाम से दो नए जिले घोषित किए गए थे। नए जिलों में सरकार की ओर से प्रशासनिक व पुलिस के विशेषाधिकारी की नियुक्ति भी पूर्व में कर दी, लेकिन इन नए जिलों का क्षेत्राधिकार तय नहीं किया गया। नए जिलों की घोषणा के बाद से ही लोगों को क्षेत्राधिकार के नोटिफिकेशन जारी होने का इंतजार था।
कोटपूतली- बहरोड़ में होंगे 7 उपखंड
उपखंड तहसील

बहरोड़ बहरोड़
बानसूर बानसूर

नीमराना 1. नीमराना
2. मांढण

नारायणपुर नारायणपुर
कोटपूतली कोटपूतली

विराटनगर विराटनगर
पावटा पावटा

खैरथल- तिजारा जिले का यह होगा क्षेत्र
उपखंड तहसील

तिजारा तिजारा
किशनगढ़बास 1. किशनगढ़बास

2. खैरथल
कोटकासिम 1. कोटकासिम

2. हरसोली
टपूकड़ा टपूकड़ा

मुण्डावर मुण्डावर
अब यह होगा अलवर जिले का क्षेत्राधिकार

उपखंड तहसील
अलवर अलवर

मालाखेड़ा मालाखेड़ा
थानागाजी थानागाजी

रामगढ़ रामगढ़
राजगढ़ राजगढ़

रैणी रैणी
लक्ष्मणगढ़ लक्ष्मणगढ़

कठूमर कठूमर
गोविंदगढ़ गोविंदगढ़

तीनों में अलवर जिला सबसे बड़ा

राज्य सरकार की ओर से अलवर को तीन भागों में बांटकर बनाए गए नए जिलों में अलवर जिला सबसे बड़ा होगा। अलवर में 9 उपखंड के साथ 6 विधानसभा क्षेत्र होंगे। पूर्व में अलवर में 11 विधानसभा क्षेत्र थे, यानी दोनों नए जिलों में पांच विधानसभा क्षेत्र रहेंगे। इनमें खैरथल- तिजारा जिले में किशनगढ़बास, तिजारा एवं मुण्डावर विधानसभा क्षेत्र तथा कोटपूतली- बहरोड़ में बहरोड़ व बानसूर विधानसभा क्षेत्रों को शामिल किया गया है।
मुख्यालय का विवाद, इसलिए बदला नए जिले का नाम
मुख्यमंत्री की ओर से पूर्व में खैरथल नाम से नया जिला घोषित किया गया था। इस जिले में तिजारा व भिवाड़ी औद्योगिक क्षेत्र शामिल होने की पूरी उम्मीद थी। खैरथल नाम होने से नए जिले का मुख्यालय भी खैरथल को बनाए जाने की संभावना थी, इसी कारण भिवाड़ी व तिजारा क्षेत्र के लोगों ने नए जिले के नाम को लेकर विरोध जताया। विधानसभा से लेकर भिवाड़ी तक विरोध प्रदर्शन हुआ। लोगों की नाराजगी को देखते हुए सरकार ने नए जिले का नाम खैरथल से बदलकर खैरथल- तिजारा किया गया। इससे दोनों ही उपखंड क्षेत्रों के लोगों की बात रखने का प्रयास किया गया।

अलवर को संभाग बनाने का रहा इंतजार

सरकार ने नए जिलों की घोषणा को मूर्तरूप दिया, लेकिन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की ओर से अलवर में मिनी सचिवालय के लोकार्पण के दौरान प्रदेश में नया बनने वाला संभाग अलवर होगा, घोषणा पूरा होने का अभी लोगों को इंतजार है।

नए जिलों का सेटअप तैयार होने की बारी

राज्य सरकार की ओर से नोटिफिकेशन जारी होने के बाद नए जिलों में प्रशासनिक व पुलिस का सेटअप तैयार करने की बारी है। इसमें नए जिलों में कलक्टर, एसपी समेत अन्य अधिकारी व कर्मचारियों सहित कार्यालयों की स्थापना करनी होगी।