20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अलवर के किसान परेशान, मंडी में अलवर की प्याज की हो रही बेकद्री, गुजरात के प्याज को दे रहे भाव

अलवर के किसान प्याज उगाकर निराश हैं, यहां अलवर की प्याज को महत्व नहीं दिया जा रहा।

2 min read
Google source verification

अलवर

image

Hiren Joshi

Feb 07, 2019

Gujarat Onion Selling In Alwar

अलवर के किसान परेशान, मंडी में अलवर की प्याज की हो रही बेकद्री, गुजरात के प्याज को दे रहे भाव

अलवर. राजस्थान की सभी सब्जी मंडियों में गुजरात का प्याज छा रहा है। गुजरात में प्याज की बम्पर आवक होने के कारण वहां से 1 और 2 रुपए प्रति किलो प्याज लाकर यहां बेच रहे हैं। प्रदेश की सभी मंडियों में गुजरात के प्याज की आवक हो रही है। अलवर सब्जी मंडी में गुजरात के भावनगर और महुआ से 100 टन प्याज प्रतिदिन आ रहा है। यह प्याज गुजरात में थोक भाव में 1 रुपए प्रति किलो से 2 रुपए प्रति किलो के हिसाब से बिक रहा है। गुजरात में प्याज इतना सस्ता है कि यहां के किसान खड़ी फसल को पशुओं को खिला रहे हैं या निशुल्क बांट रहे हैं।

सब्जी व्यापार से जुड़े युवा आढ़ती जितेन्द्र सैनी का कहना है कि गुजरात के व्यापारी इस प्याज को अलवर व दिल्ली सहित प्रदेश की सभी मंडियों में लेकर आ रहे हैं। इस प्याज के थोक भाव प्रदेश में 6 रुपए प्रति किलो पड़ रहे हैं। प्याज को अलवर लाने का खर्चा प्रति किलो 3 से 4 रुपए आ रहा है। यही प्याज रिटेल में 10 रुपए से 12 रुपए प्रति किलो बिक रहा है। इस प्याज की मांग भी अधिक रहती है। गुजरात का प्याज कई दिनों तक खराब नहीं होता है।

अलवर के प्याज की दुर्गती

इस बार मध्य प्रदेश, पश्चिमी बंगाल और गुजरात में जनवरी माह में प्याज की बम्पर आवक हुई है। इसी प्रकार अलवर जिले में भी प्याज की पैदावार अच्छी हुई जिसके थोक भाव 2 रुपए से 4 रुपए प्रति किलो तक रहे हैं। अब अलवर जिले में प्याज की आवक कम हो गई है, जो आवक प्रतिदिन एक हजार कट्टो की रह गई है। इस प्याज की अब मांग अन्य राज्यों में भी नहीं रही है। जिसका कारण अन्य राज्यों में प्याज की अच्छी आवक होना है।

प्याज की थोक आढ़ती सौरभ कालरा कहते हैं कि इस बार प्याज की बुआई करने वाले किसानों को बहुत निराशा हाथ लगी है। प्याज के बोने में प्रति किलो का खर्चा ही 4 रुपए से 5 रुपए प्रति किलो तक आता है। इससे पहले 2018 में जून व जुलाई माह में प्याज के थोक भाव ही 18 रुपए प्रति किलो से 20 रुपए प्रति किलो रहे थे जिससे सरकार हलचल में आ गई थी। इस बार अलवर जिले के किसानों को अच्छे भाव मिलने का सपना धाराशाही हो गया। अब राजस्थान के लोग गुजरात का प्याज खा रहे हैं। अलवर में प्याज की आवक पर यहां का बाजार भी निर्भर करता है, जिस साल प्याज के भाव अच्छे होते हैं तो दुपहियाा व चौपहिया वाहनों सहित जेवरात की बिक्री भी बढ़ जाती है। इस बार प्याज के भाव कम होने के कारण यहां बाजार पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है।