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वैदिक सनातन संस्कृति में ही विश्व के कल्याण का मार्ग – चिन्न जीयर स्वामी

अलवर. शहर के कालाकुआं वेंकटेश बालाजी दिव्य धाम मंदिर ट्रस्ट में सोमवार को स्टैचू आफ इक्वलिटी हैदराबाद के संस्थापक चिन्न जीयर का आगमन हुआ। उन्होंने भक्तों को संबोधित करते हुए कहा कि आज जहां संपूर्ण विश्व बारूद के ढेर पर एक दूसरे को मरने मरने पर तुला हुआ है वहां भारत में संपूर्ण शांति है […]

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अलवर

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Jyoti Sharma

Mar 31, 2026

अलवर. शहर के कालाकुआं वेंकटेश बालाजी दिव्य धाम मंदिर ट्रस्ट में सोमवार को स्टैचू आफ इक्वलिटी हैदराबाद के संस्थापक चिन्न जीयर का आगमन हुआ। उन्होंने भक्तों को संबोधित करते हुए कहा कि आज जहां संपूर्ण विश्व बारूद के ढेर पर एक दूसरे को मरने मरने पर तुला हुआ है वहां भारत में संपूर्ण शांति है यह सनातन की ही ताकत है।उन्होंने कहा कि जीवन में विपत्ति आने पर भगवान के चरणों में और विश्वास रखना चाहिए क्योंकि विपत्ति में केवल भगवान ही सहायक है सुख के सब साथी होते हैं। माता कुंती ने दुख मांगा था इसलिए के साथ और हम भगवान के पास अपना दुख मिटाने की प्रार्थना करते हैं। भगवान को मंदिर दैवालय में जाकर मन को शांति मिलती है क्योंकि भगवान केवल सुनते हैं सुनाते नहीं। सनातन धर्म में ही शान्ति है अन्यत्र कहीं नहीं।

इस अवसर पर स्वामी जी महाराज ने सुदर्शनाचार्य जी का मंगला शासन किया तथा वैदिक छात्रों को वैदिक शिक्षा से जुड़ने का उत्साह वर्धन किया। इस अवसर पर दौलत राम हजरती, जगदीश बेनीवाल, बृजमोहन गोयल, अमित खंडेलवाल, पंडित धर्मवीर शर्मा, एडवोकेट रिषिराज शर्मा सहित अन्य भक्त दर्शनों को पहुंचें।

स्वामी जी महाराज द्वारा स्थापित स्टैचू आफ इक्वलिटी संता मूर्ति में जगतगुरु रामानुजाचार्य स्वामी जी महाराज की 216 फीट ऊंची बैठी हुई प्रतिमा स्थापित की गई है जो विश्व की बैठी हुई दूसरी स्टैचू है जिसका गिनीज बुक रिकॉर्ड में नाम दर्ज है सन 2022 फरवरी में भारत के प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति और अनेक राष्ट्र अध्यक्ष, देश के प्रतिष्ठित संतो की उपस्थिति में 50 एकड़ में फैले हुए स्टैचू आफ इक्वलिटी का उद्घाटन हुआ था। स्वामी जी महाराज का आगमन पूर्व में भी वेंकटेश बालाजी दिव्य धाम मंदिर के प्रतिष्ठा महोत्सव में 24 फरवरी 2016 को हुआ था।

इनका आगमन पूर्व में भी वेंकटेश बालाजी दिव्य धाम मंदिर के प्रतिष्ठा महोत्सव में 24 फरवरी 2016 को हुआ था।