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कोर्ट में बहस के दौरान चुप नहीं हो रहा था आरोपी, जज ने मुंह पर टेप लगवा कर कराया चुप

कोर्ट में बहस के दौरान एक शख्स बार-बार हस्तक्षेप कर रहा था जिससे नाराज होकर जज ने उसके मुंह पर टेप चिपकाने का आदेश जारी कर दिया।

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कोर्ट में बहस के दौरान चुप नहीं हो रहा था आरोपी, जज ने मुंह पर टेप लगवा कर कराया चुप

ओहियोः अदालत की अवमानना करना वैसे तो सभी के लिए नुकसानदायक होता है लेकिन अमरीका के ओहियो प्रांत में एक अजीब तरह का मामला सामने आया है। कोर्ट के आदेश को बार-बार अनसुना करने पर जज ने बड़बोले आरोपी के मुंह पर टेप चिपकवा दिया। दरअसल हुआ यूं कि फ्रेंकलिन विलियम्स नाम के शख्स की डकैती के मामले में कोर्ट में पेशी थी। न्यायधीश के सामने सरकारी वकील और पीड़ित के वकील अपना-अपना पक्ष रख रहे थे। बहस के बीच आरोपी फ्रेंकलिन विलियम्स बार-बार हस्तक्षेप कर रहा था। फ्रेंकलिन की हरकत को देखकर जज काफी नाराज हो गए।

जज ने दी थी 12 बार चेतावनी
डकैती के मामले में करीब आधे घंटे बहस की गई। इस बीच बार-बार बोलने पर जज जॉन रूसो ने आरोपी को 12 बार चुप रहने को कहा जब फ्रेंकलिन विलियम्स नहीं माना तो गुस्साए जज ने उसके मुंह पर टेप चिपकाने का आदेश जारी किया। इसके बाद मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने फ्रेंकलिन विलियम्स के मुंह पर टेप चिपका दिया। जज जॉन रूसो के इस आदेश की पूरी दुनिया में चर्चा हो रही है। कोई इस फैसले को अच्छा कदम मान रहा है तो कोई इसे अनुचित बता रहा है।

फ्रेंकलिन विलियम्स को 24 साल कैद की सजा
दोनों तरफ से दलीलों को सुनने के बाद जज ने फ्रेंकलिन विलियम्स को डकैती का दोषी माना। अपने फैसले में जज ने फ्रेंकलिन को 24 साल कैद की कड़ी सजा सुनाई। सजा सुनाने के बाद कोर्ट परिसर में सन्नाटा पसर गया। फिलहाल फ्रेंकलिन को जेल भेज दिया गया है। अपना फैसला सुनाने के बाद जज ने कहा कि वह फ्रेंकलिन के मुंह पर टेप चिपकाना नहीं चाहते थे लेकिन उसने ऐसा करने पर मजबूर कर दिया। जज ने कहा कि वह कोर्ट में सभी पक्षों को अपनी बात रखने का पूरा मौका देते हैं लेकिन फ्रेंकलिन मना करने के बावजूद चुप नहीं रहा। बता दें कि पिछले साल दिसंबर में इस मामले की सुनवाई के दौरान फ्रेंकलिन फरार हो गया था जिसे बाद में गिरफ्तार किया गया।