
अमरीका के सामने बड़ा संकट, बजट के अभाव में बंद हुआ सरकारी कामकाज
वाशिंगटन। अमरीका के इतिहास में एक बार फिर अभूतपूर्व संकट पैदा हो गया है। अमरीकी सीनेट और संसद द्वारा बिना बजट अनुमोदन को पास किए स्थगित किए जाने के बाद ट्रंप प्रशासन ने आंशिक रूप से सरकारी कामकाज बंद कर दिया है। बताया जा रहा है कि कई संघीय एजेंसियां शनिवार आधी रात को अमरीका में अपना ऑपरेशन को बंद कर देंगी क्योंकि वाइट हाउस और कांग्रेस के नेता बजट पर सहमति बनाने में विफल रहे। न्यूयॉर्क पोस्ट ने शुक्रवार की देर शाम एक बयान में कहा, "सदस्यों को सूचना दी जाती है कि सदन स्थगित कर दिया गया है और आज शाम को किसी भी तरह के वोट की उम्मीद नहीं है।"
सरकारी काम पर शट डाउन
खबरों में बताया जा रहा है अमरीकी सदन ने वित्त वर्ष 2019 के विनियोग पर सीनेट की कार्रवाई का देर शाम तक इंतजार किया। यह बहस गुरुवार को उस समय चरम पर पहुंच गई जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वह ऐसे किसी भी विधेयक पर हस्ताक्षर नहीं करेंगे जिसमें दक्षिणी सीमा पर एक दीवार के निर्माण के लिए 5 बिलियन डॉलर शामिल नहीं हैं। उसके बाद खर्च बिल जिसमें मेक्सिको की दीवार के लिए विनियोग बिल भी शामिल हैं, गुरुवार रात सदन से पारित हो गया लेकिन ट्रंप प्रशासन इसे सीनेट में पारित नहीं करा सका। बता दें कि लंबे समय से ट्रंप अमरीका मेक्सिको सीमा पर दीवार बनाने में मदद करने के लिए कांग्रेस से $ 5.7 बिलियन का आग्रह कर रहे हैं। ओवल ऑफिस में शुक्रवार को ट्रम्प ने कहा, "हम सीनेट में कुछ पाने के लिए बहुत मेहनत कर रहे हैं। अब यह डेमोक्रेटस के ऊपर है कि क्या आज रात हम शटडाउन करेंगे या नहीं। मुझे उम्मीद है कि हम नहीं करेंगे, लेकिन अगर ऐसा हुआ तो यह बंद बहुत लंबे समय तक चलने वाला होगा।"
क्या हैं शट डाउन के मायने
शट डाउन का मतलब है कि होमलैंड सिक्योरिटी, ट्रांसपोर्टेशन, एग्रीकल्चर, स्टेट और जस्टिस के विभाग बंद होने लगेंगे। फेडरल नेशनल पार्क और जंगल भी बंद हो जाएंगे। हालांकि यह बंदी आंशिक होगी और 2018 में यह तीसरा मौका होगा जब अमरीका में यह संकट आएगा। माना जा रहा है कि यह संकट हजारों श्रमिकों को प्रभावित करेगा। करीब 4 लाख संघीय कर्मचारियों को बिना किसी वेतन के अपना क्रिसमस बिताना पड़ सकता है। बुधवार को संघीय एजेंसियों को 8 फरवरी तक खुला रखने के लिए एक स्टॉपगैप खर्च बिल पारित किया गया था। वर्तमान नियमों के तहत हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव में साधारण बहुमत वाले वोट से बिलों को मंजूरी दी जाती है। शुक्रवार को इस मुद्दे पर तनाव बढ़ने के कारण राष्ट्रपति ने "बहुत लंबे तक" सरकार के काम काज को बंद कर देने की धमकी दी थी।
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Updated on:
22 Dec 2018 11:34 am
Published on:
22 Dec 2018 11:33 am

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