चंद पैसे बचाने के लिए कागजों में घोंट दिया गला

शासन वृद्धजनों का गुजारा करने के उद्देश्य से उन्हे प्रतिमाह पेंशन उपलब्ध कराता है। जमीनी स्तर पर सरकारी नुमाईंदों की लापरवाही के चलते सही हकदारों को ही पेंशन का लाभ नहीं मिल पा रहा है। 

2 min read
Aug 01, 2017
For Saving Pension, living persone died on paper
आगर-मालवा. शासन वृद्धजनों का गुजारा करने के उद्देश्य से उन्हे प्रतिमाह पेंशन उपलब्ध कराता है। जमीनी स्तर पर सरकारी नुमाईंदों की लापरवाही के चलते सही हकदारों को ही पेंशन का लाभ नहीं मिल पा रहा है। कुछ इसी प्रकार का मामला जनपद सुसनेर के ग्राम मालनवासा का सामने आया है। यहां के एक वृद्ध को जवाबदारों ने मृत घोषित कर उसकी पेंशन ही बंद करवा दी। वही पेंशन न मिलने पर जब संबंधित वृद्ध अधिकारियों के पास जाता है तो सभी उसे इधर-उधर चक्कर खिलवाते रहते हैं। मंगलवार को वृद्ध कलेक्टर कार्यालय आ गया और पेंशन पाने की गुहार कलेक्टर के समक्ष लगाई। कलेक्टर ने तत्काल संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर पेंशन चालू करवाने की बात कही।
ग्राम मालनवासा निवासी हरिसिंह पिता बापूसिंह ने बताया कि वह पिछले कई सालों से वृद्धावस्था पेंशन का लाभ ले रहा है। इस पेंशन से उसका गुजारा चल जाता है। पिछले नौ माह से उसे पेंशन नही मिल पाई है। जब इस संबंध मे उसने ग्राम पंचायत के जवाबदारों से बात की तो उन्होंने बैंक की त्रुटिबताकर उसे रफा-दफा कर दिया। जब वृद्ध बैंक गया तो वहां पर कोईत्रुटि नही निकली बल्कि उसके खाते मे पेंशन ही नहीं डाली गई। जब उसने इंटरनेट के माध्यम से परिवार समग्र आईडी निकाली तो उसे तब जाकर पता चला कि उसे तो 11 दिसंबर 2016 मे ही मृत घोषित कर दिया गया था।
सारी बाते जानने के बाद फिर से वृद्धपंचायत के अधिकारियों के पास गया लेकिन उसके बाद भी वहां से उसे कोईमदद नही मिल पाई । ऐसी स्थिति मे थक हारकर उसने कलेक्टर के सामने गुहार लगाने ठानी और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। यहां पर सामाजिक न्याय विभाग के प्रभारी अधिकारी सुनिल चौहान ने बताया कि संबंधित वृद्धके संबंध में उन्हें संपूर्ण जानकारी प्राप्त हो चुकी है। उनके द्वारा सुसनेर जनपद के अधिकारियों से बात कर ली गई है। जल्द ही हरिसिंह को पेंशन मिलना आरंभ हो जाएगी।
Published on:
01 Aug 2017 11:43 pm
Also Read
View All